लुवास तथा ट्रेनर्स’ ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट के बीच हुए एमओयू को दिखाते अधिकारी, साथ में मौजूद पशु
हिसार। लाला लाजपत राय पशु चिकित्सा एवं पशु विज्ञान विश्वविद्यालय (लुवास) तथा ट्रेनर्स ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (टीटीआई) के बीच शनिवार को समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए गए। प्रदेश के पशुपालन एवं डेयरी विभाग के आयुक्त विजय सिंह दहिया और लुवास के कुलपति डॉ. विनोद कुमार वर्मा की उपस्थिति में कुलपति सचिवालय में संपन्न हुआ।
दोनों संस्थान शोध, पशु उपचार, प्रशिक्षण सहित अन्य क्षेत्र में एक दूसरे का सहयोग करेंगे। इस पहल से राज्य में पशु चिकित्सा अनुसंधान के मैदानी स्तर पर उपयोग को मजबूती मिलेगी और पशु स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में महत्वपूर्ण सुधार सुनिश्चित करेगी।
समझौता ज्ञापन पर लुवास की ओर से मानव संसाधन प्रबंधन निदेशक डॉ. राजेश खुराना, कॉलेज ऑफ वेटरनरी साइंस के अधिष्ठाता डॉ. मनोज कुमार रोज ने साक्षी के रूप में उपस्थिति दर्ज की। टीटीआई की ओर से संयुक्त निदेशक डॉ. सुखदेव राठी तथा पशु चिकित्सा शल्य चिकित्सक डॉ. राजीव बांगर ने हस्ताक्षर किए।
इस समझौता ज्ञापन का मुख्य उद्देश्य दोनों संस्थानों के बीच प्रशिक्षण, वैज्ञानिक ज्ञान के आदान-प्रदान तथा लुवास की ओर से विकसित आधुनिक पशुचिकित्सा तकनीकों को हरियाणा के पशुपालन एवं डेयरी विभाग के फील्ड कर्मचारियों तक पहुंचाने के लिए एक सहयोगात्मक ढांचा स्थापित करना है। इस समझौते के तहत टीटीआई के फील्ड अधिकारियों एवं कर्मचारियों को लुवास के विशेषज्ञों की ओर से नियमित प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा। इससे वैज्ञानिक दृष्टिकोण एवं उन्नत तकनीकों का प्रसार और अधिक प्रभावी हो सकेगा।
दावा-पशु स्वास्थ्य प्रबंधन को नई दिशा मिलेगी
पशुपालन एवं डेयरी विभाग के आयुक्त एवं सचिव विजय सिंह दहिया ने लुवास के विभिन्न विभागों तथा न्यू कैंपस का विस्तृत दौरा किया। उन्होंने कहा कि लुवास एवं विभाग के बीच होने वाला यह सहयोग राज्य में पशु उत्पादन और स्वास्थ्य प्रबंधन को नई दिशा प्रदान करेगा।