हिसार। सातरोड के पास साउथ बाईपास पर निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) पर सड़क निर्माण से पहले ही कुछ वाहन गुजरने लगे हैं। बीएंडआर की ओर से वाहनों को रोकने के लिए आरओबी पर अवरोधक लगाए गए हैं, लेकिन फिर भी कई दुपहिया वाहन उन अवरोधकों के बीच से निकल रहे हैं।
आरओबी लगभग बनकर तैयार हो चुका है और अब केवल सर्विस रोड पर तारकोल बिछाने का काम बचा है। एजेंसी ने 15 सितंबर को तारकोल बिछाने की तैयारी शुरू कर दी थी, लेकिन आवश्यक तारकोल समय पर उपलब्ध नहीं हो सका। ठेकेदार के प्लांट का स्थान चानौत गांव में है, जहां सड़क पर जलभराव और टूट-फूट के कारण निर्माण स्थल तक सामग्री नहीं पहुंच पा रही है।
ठेकेदार का कहना है कि दो से तीन दिन में तारकोल निर्माण स्थल पर पहुंच जाएगा। वहीं, आरओबी निर्माण कर रही एजेंसी ने बताया कि तारकोल आने के बाद इसे बिछाने में केवल एक-दो दिन का समय लगेगा। आरओबी का काम अब तक पांच बार अपनी डेडलाइन से पिछड़ चुका है और नई डेडलाइन 30 सितंबर निर्धारित की गई है। आरओबी के खुलने के बाद साउथ बाईपास पर यातायात सुगम होने की उम्मीद है, लेकिन वर्तमान में वाहनों का अवैध प्रवेश और कार्य की देरी, दोनों ही रोड उपयोगकर्ताओं के लिए चिंता का कारण बने हुए हैं।
18जेएनडी18-शहर के रेलवे रोड पर बीच में डेरा डाले हुए गोवंश। संवाद
18जेएनडी18-शहर के रेलवे रोड पर बीच में डेरा डाले हुए गोवंश। संवाद
18जेएनडी18-शहर के रेलवे रोड पर बीच में डेरा डाले हुए गोवंश। संवाद