चरखी दादरी। दादरी नागरिक अस्पताल के बीमार भवन का अब उपचार होगा। इसके लिए लोक निर्माण विभाग ने एस्टीमेट तैयार कर जिला स्वास्थ्य विभाग को सौंप दिया है। इसके अनुसार, अस्पताल भवन की मरम्मत पर करीब एक करोड़ की लागत आने का अनुमान है। अब जिला स्वास्थ्य विभाग बजट और स्वीकृति के लिए एस्टीमेट मुख्यालय भेजेगा।
नागरिक अस्पताल भवन के निर्माण पर 9.86 करोड़ रुपये लागत आई थी। भाजपा सरकार ने पहले कार्यकाल में अस्पताल भवन का निर्माण शुरू किया था। पिछले करीब दो साल से अस्पताल भवन क्षतिग्रस्त है। लंबा समय बीतने के बाद भी अधिकारियों ने इस ओर ध्यान नहीं दिया था।
अमर उजाला ने इस मुद्दे को प्रमुखता से उठाते हुए 20 नवंबर के संस्करण में नागरिक अस्पताल भवन बीमार, अधिकारी नहीं कर रहे उपचार...नामक शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी।
इसके बाद जिला स्वास्थ्य विभाग ने लोक निर्माण विभाग को भवन निरीक्षण कर एस्टीमेट तैयार करने का रिमाइंडर भेजा। फिर 4 दिसंबर को लोक निर्माण विभाग के दो जेई की अगुवाई में टीम क्षतिग्रस्त भवन का जायजा लेने पहुंची। टीम ने करीब दो घंटे तक अस्पताल भवन का अवलोकन किया और इसके बाद जल्द स्वास्थ्य विभाग को एस्टीमेट देने का आश्वासन दिया।
इस पर अमर उजाला ने 6 दिसंबर को अमर उजाला के बीमार भवन की होगी मरम्मत...नामक शीर्षक से खबर प्रकाशित की। इसके बाद लोक निर्माण विभाग ने जिला स्वास्थ्य विभाग को एक करोड़ का एस्टीमेट सौंप दिया है। एस्टिमेट को अब स्वास्थ्य विभाग स्वीकृति के लिए मुख्यालय भेजेगा।
- ये होंगे काम
अस्पताल भवन के चारों तरफ बने पिलर क्षतिग्रस्त हैं। इन सबकी मरम्मत होगी। इसके अलावा दीवारों को दुरुस्त किया जाएगा। प्रथम तल के कमरों में आईं दरारें खत्म की जाएंगी। क्षतिग्रस्त रेलिंग भी बदली जाएंगी।
- 1,200 से अधिक रहती है दैनिक ओपीडी
इन दिनों सिविल अस्पताल की ओपीडी 20 प्रतिशत बढ़ी हुई है। प्रतिदिन 1,200 से ज्यादा मरीज यहां पहुंच रहे हैं। इनमें 150 से अधिक मरीज प्रतिदिन एक्स-रे भी करवाते हैं। वहीं, प्रतिदिन इमरजेंसी कक्ष में पांच से सात केस आते हैं। भवन क्षतिग्रस्त होने के चलते यहां हादसों का अंदेशा बना था।
अस्पताल के भवन को मरम्मत कार्य की दरकार है। लोक निर्माण विभाग ने हमें करीब एक करोड़ रुपये का एस्टीमेट सौंपा है। एस्टीमेट को स्वीकृति के लिए हम जल्द ही मुख्यालय भेज देंगे। प्रयास रहेगा कि जल्द से जल्द मरम्मत कार्य शुरू करवा दिया जाए। -डॉ. संजय गुप्ता, डिप्टी सीएमओ, स्वास्थ्य विभाग।