ओढां (सिरसा)। सीआईए सिरसा व ओढां की टीम ने गांव पन्नीवाला मोटा में 2 दिन पूर्व ज्वेलर्स के घर हुई चोरी की वारदात का खुलासा किया है। इस प्रकरण में पुलिस ने 4 में से 3 आरोपियों को काबू किया है, जबकि चौथे की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। वारदात का मास्टरमाइंड पीड़ित हरदीप सिंह का सगा भतीजा लोकेश निकला है।
आरोपियों ने पहले हरदीप सिंह के घर की रेकी की और फिर मौका पाकर घटना को अंजाम दिया। पुलिस तीनों आरोपियों से अन्य वारदात बारे भी गहनता से पूछताछ कर रही है। हरदीप सिंह का भाई सोहन लाल सिरसा रहता है और उनकी पन्नीवाला मोटा में सोने-चांदी के आभूषण बनाने की दुकान है। सोहन लाल के लड़के लोकेश उर्फ प्रवीण का हरदीप के घर आना-जाना था। इसलिए उसे घर में नकदी व ज्वेलरी बारे पूरी जानकारी थी। लोकेश की गांव ख्योवाली में सोने-चांदी की दुकान है, लेकिन कार्य न होने के चलते वह पिछले एक माह से बंद पड़ी है। घटना के दिन शनिवार को लोकेश ने सिरसा निवासी 3 अन्य साथियों के साथ मिलकर हरदीप के घर की रेकी की थी। शनिवार को हरदीप अपनी गाड़ी ठीक करवाने के लिए सिरसा चला गया था, जबकि उसकी पत्नी सरोज सिरसा में हॉस्पिटल में ड्यूटी पर चली गई थी। पीछे से हरदीप के दोनों लड़के हिमांशु व दिपांशु दोनों दुकान पर चले गए थे। इसका लाभ उठाते हुए चारों ने वारदात को अंजाम दिया। मामले में पुलिस ने सबसे पहले हरदीप के पारिवारिक सदस्यों की कुंडली खंगाली। पुलिस को लोकेश पर उसी दिन से संदेह हो गया था। क्योंकि घटना के बाद से वह भूमिगत था। पुलिस ने उसे काबू कर पूछताछ की तो उसने अपने 3 अन्य साथियों के साथ मिलकर वारदात को अंजाम देना स्वीकार किया। गौरतलब हो कि बीती 24 जुलाई को गांव पन्नीवाला मोटा निवासी ज्वेलर्स हरदीप सिंह के घर से दिनदहाड़े चोर अलमारी में रखा करीब 45 तोले सोना, डेढ़ किलोग्राम चांदी व एक लाख रुपये की नकदी चोरी कर ले गए थे। हरदीप सिंह के मुताबिक लोकेश का उनके घर अक्सर आना-जाना रहता था। इसलिए उसे घर के बारे में पूरी जानकारी थी।
3 आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़े हैं, जबकि चौथे की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं। आरोपियों से चोरीशुदा आभूषणों व नकदी की बरामदगी करने के लिए रिमांड हासिल किया जाएगा।
- काशीराम बेनीवाल, थाना प्रभारी ओढां