हिसार। जिला पुलिस ने इस वर्ष ऑनलाइन ठगी के मामलों में तेजी से कार्रवाई करते हुए नागरिकों के 3 करोड़ 5 लाख 55 हजार रुपये सुरक्षित कर लिए हैं। साइबर पुलिस ने समय रहते 2.16 करोड़ रुपये संदिग्ध खातों में ब्लॉक करवाए, जबकि 88 लाख 89 हजार रुपये पीड़ितों के खातों में वापस भेजे गए।
पुलिस अधीक्षक शशांक कुमार सावन ने बताया कि डिजिटल सुविधाओं के विस्तार के साथ साइबर अपराध भी तेजी से बढ़ रहे हैं।
अपराधी लोगों की जिज्ञासा, लालच, भय और तकनीकी जानकारी की कमी का फायदा उठाकर ठगी को अंजाम देते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे अपराधों से बचने के लिए नागरिकों का जागरूक और सतर्क रहना बेहद जरूरी है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि साइबर ठग कई तरह के हथकंडों का इस्तेमाल करते हैं। आरोपी शेयर बाजार और ट्रेडिंग स्कैम, टास्क पूरा कर पैसे कमाने का झांसा, फर्जी मोबाइल एप (एपीके फाइल) डाउनलोड कराने की तरकीब, फ्री गिफ्ट, लॉटरी, कूपन और बीमा पॉलिसी का लालच, बैंक केवाईसी, क्रेडिट कार्ड लिमिट और लोन बढ़ाने के नाम पर धोखाधड़ी, फर्जी डीलरशिप और नौकरी के ऑफर, व्हाट्सएप वीडियो कॉल या लिंक के जरिये, डिजिटल अरेस्ट कर ठगी की वारदात को अंजाम दे रहे हैं।