आरोपी क्लर्क नवनीत पंघाल ( नीली जैकेट में) को ले जाते स्टेट विजिलेंस की टीम के सदस्य।
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हिसार। लघु सचिवालय स्थित तहसील कार्यालय में कार्यरत क्लर्क को स्टेट विजिलेंस की टीम ने तीन हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया। आरोपी क्लर्क नवनीत पंघाल तहसीलदार हरिकेश गुप्ता के ऑफिस में कार्यरत है। आरोप है कि यह सरकारी मदद की राशि जारी करने के नाम पर रिश्वत की मांग कर रहा था।
विजिलेंस इंस्पेक्टर धर्मबीर दहिया ने बताया कि क्लर्क ने अंतरजातीय विवाह में दिए जाने वाली आर्थिक मदद जारी कराने के नाम पर तीन हजार रुपये की रिश्वत मांगी थी। इस बारे में जिले के एक गांव निवासी लक्ष्मण की तरफ से डीसी को शिकायत दी गई थी। लक्ष्मण ने रोहतक जिले की एक युवती से अंतरजातीय विवाद किया था। लक्ष्मण का कहना है कि शादी के बाद सरकार से मिलने वाली आर्थिक मदद की राशि जारी करने के नाम पर उक्त क्लर्क ने तीन हजार रुपये मांगे। इस पर उसने विजिलेंस को शिकायत दी।
जानकारी के अनुसार आरोपी नवनीत पंघाल ने करीबन ढाई हजार रुपये गूगल पे के जरिये एक नंबर पर ट्रांसफर करवाए थे। इस मामले में बीडीपीओ भगवानदास को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया गया था। टीम आरोपी क्लर्क को पकड़कर विजिलेंस दफ्तर लेकर गई है। फिलहाल विजिलेंस टीम ने आरोपी के पास से दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। इसमें एक आरोपी का खुद का फोन है और दूसरा वह फोन है जिस नंबर पर पैसे भेजे गए हैं। वह भी आरोपी नवनीत के पास से मिला है।