सिवानी मंडी। लंबे समय से अवकाश पर चल रहे शहर के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के प्रिंसिपल ने कथित तौर पर बैठक बुलाकर पहले शिक्षकों की बच्चों की तरह दोपहर बाद हाजिरी ली। फिर महिला शिक्षकों की परवाह किए बिना अभद्रता पर उतर आए। विरोध के बाद बैठक हंगामे में बदल गई और पूरा स्टाफ शिकायत लेकर बीईओ के पास जा पहुंचा। हंगामा यहां भी नहीं रुका। थोड़ी देर बाद प्रिंसिपल भी यहां आ पहुंचे और यहां उनकी बीईओ से भी जमकर कहासुनी हुई।
जानकारी के अनुसार एक कर्मचारी को जातिसूचक गालियां देने और मारपीट के मामले में समझौते के बाद प्रिंसिपल को मेडिकल आधार पर दस दिन के अवकाश पर भेज दिया गया था। शिक्षकों के मुताबिक प्रिंसिपल बुधवार दोपहर बाद अचानक अपने कार्यालय पहुंचे और पूरे स्टाफ को बैठक के नाम पर बुलाया। आरोप है कि पहले उन्होंने बच्चों की तरह सभी शिक्षकों की हाजिरी ली और इसी बीच वे अभद्रता पर उतर आए। वहां मौजूद महिला शिक्षकों ने इसका विरोध किया तो प्रिंसिपल का पूरे स्टाफ के साथ विवाद बढ़ गया। प्रिंसिपल के व्यवहार से नाराज शिक्षकों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर बीईओ कार्यालय पहुंचे। बीईओ उन्हें आश्वासन दे रहे थे कि कुछ ही समय बाद खुद प्रिंसिपल भी यहां आ गए और सभी आरोपों को निराधार बताते हुए शिक्षकों से उलझने लगे। यहां भी हंगामा हुआ तो प्रिंसिपल ने जेब से मोबाइल निकाला और बीईओ समेत शिक्षकों की भी वीडियो बनाने लगे। शिकायत में पूरे स्टाफ ने प्रिंसिपल के खिलाफ कार्रवाई और उनका तबादला करने की मांग की है।
महिला से शिक्षक से बोला, आपको दामण नीचे पहरी जूती गाने पर डांस करना है
शिकायत करने आई एक महिला शिक्षक ने बीईओ को बताया कि कुछ दिन पहले प्रार्थना सभा में प्रिंसिपल ने उसे बोला कि आप अगली बार स्कूल में दामण और जूती पहन कर आना, आपको सभी के सामने दामण नीचे पहरी जूती गाने पर डांस करके दिखाना है। हालांकि, महिला शिक्षक की इस शिकायत पर प्रिंसिपल ने तुरंत क्षमा भी मांगी थी और कहा कि उस दिन उनका लाइट मूड था। शिक्षक कृष्ण कुमार, अजय कुमार, सोनू रानी, शीतल, सरला, कविता, पवन कुमार, कर्मवीर, विकास आदि ने बताया कि प्रिंसिपल बच्चों के साथ भी अश्लीलता के साथ पेश आता है और उसकी शिकायत पर भी जांच चल रही है।
प्रिंसिपल के व्यवहार को देखते हुए और स्टाफ की ओर से लगाए गए आरोपों की विभागीय जांच पूरी होने से पहले प्रिंसिपल को स्कूल में नहीं आने के आदेश दिए गए हैं। उनके स्थान पर किसी अन्य प्रिंसिपल की नियुक्ति की जाएगी।
- राजपाल सांगवान, बीईओ