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सातरोड पीएचसी में होता था पांच गांव के लोगों का इलाज, आज जर्जर भवन बना नशेडियों का सेफ हाउस

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संदीप रामायण
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हिसार। सातरोड कलां गांव के प्राथमिक चिकित्सा केंद्र (पीएचसी) में कभी पांच गांव के लोग अपना इलाज करवाने आते थे। आज पीएचसी की खंडहर बिल्डिंग नशेड़ियों का सेफ हाउस बन चुकी है। स्वास्थ्य विभाग ने वर्ष 2016 में पीएचसी की बिल्डिंग को खंडहर घोषित किया था। इसके बाद गांव के जागरूक लोगों ने पीएचसी को गांव की एक चौपाल में शिफ्ट करवा दिया, ताकि पीएचसी द्वारा लोगों को मिलने वाली स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित न हो। बता दें कि यहां चार साल से एक भी डिलिवरी केस दाखिल नहीं किया गया है।
ग्रामीण कई बार स्वास्थ्य विभाग से कंडम बिल्डिंग को गिराकर नई बिल्डिंग का निर्माण करने की मांग कर चुके हैं। लेकिन अब तक पीएचसी की नई बिल्डिंग बनने की कार्रवाई फाइलों में ही चली हुई है। फिलहाल बिल्डिंग में रात व दोपहर के समय नशेड़ी प्रकार के लोग वहां नशा करते हैं। इसके साथ ही खंडहर बिल्डिंग का लेंटर तोड़कर सरिया सहित अन्य लोहे का सामान चोरी होने की भी घटनाएं होने लगी है। याद रहे कि हरफूल चंद तायल राजकीय सामान्य अस्पताल सातरोड कलां पीएचसी का उद्घाटन पूर्व मुख्यमंत्री भजनलाल ने 1983 में किया था। 2016 तक पीएचसी सही रूप से चली थी।
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नई बिल्डिंग की ड्राइंग को मिल चुकी है मंजूरी
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि सातरोड पीएचसी की नई बिल्डिंग के निर्माण के लिए बनाई गई ड्राईंग को हरियाणा के चीफ आर्केटेक्चर से मंजूरी मिल चुकी है। ये ड्राइंग अब लोक निर्माण को भेजी जाएगी। इसके बाद इसका एस्टीमेट बनेगा।
करीब 20 हजार से ज्यादा लोग परेशान
सातरोड कलां गांव के पीएचसी सेंटर में प्रतिदिन करीब 400 ओपीडी होती थी। इस पीएचसी में लाडवा, खरड़-अलीपुर, मय्यड़, छोटी सातरोड, भगाना सहित सातरोड़ कलां गांव के लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं की सुविधाएं मिलती थी। बिल्डिंग के कंडम होने से पीएचसी में महिलाओं के डिलिवरी केस दाखिल करने बंद कर दिए। चौपाल में शिफ्ट किए जाने के बाद ओपीडी भी कम होने लगी। फिलहाल बिल्डिंग की हालात काफी जर्जर हो चुकी है।
इलाज के लिए हिसार जाना पड़ता है
हमारे गांव की पीएचसी की बिल्डिंग करीब 5 सालों से कंडम पड़ी है। हमने गांव की चौपाल में पीएचसी को शिफ्ट करवा रखा है। नई बिल्डिंग बनवाने के लिए कई बार स्वास्थ्य विभाग से गुहार लगा चुके हैं। जिला प्रशासन से मांग है कि हमारी समस्या का जल्द से जल्द से समाधान किया जाए। - विकास सातरोड
प्राथमिक चिकित्सा केंद्र की बिल्डिंग न बनने से ग्रामीणों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यहां नजदीकी गांव के लोग भी स्वास्थ्य सेवाओं के लिए आते थे। फिलहाल गांव की चौपाल में पीएचसी चल रही है। मेरी प्रशासन से मांग है कि जल्द से जल्द पीएचसी की नई बिल्डिंग बनाने का काम शुरू किया जाए। - अमित, सातरोड कलां
पीएचसी की बिल्डिंग जर्जर हालात हो चुकी है। कुछ लोग यहां नशा भी करते हैं। हमारी मांग है कि इसको जल्द से जल्द बनाया जाए, ताकि लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेें। नई बिल्डिंग बनने से नजदीकी गांव के लोगों को भी फायदा होगा। - राहुल कुमार, सातरोड कलां
पीएचसी की बिल्डिंग बनने से करीब 5 गांवों के लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं मिलेंगी। हिसार सिविल अस्पताल में भीड़ रहती है। अगर हमारे गांव की पीएचसी का नया भवन बन जाता है तो हमें सिविल अस्पताल नहीं जाना पड़ेगा। ग्रामीण एरिया में आर्थिक रूप से कमजोर लोगों के लिए पीएचसी बहुत ही फायदेमंद होती है। - अंकित कस्वां, सातरोड कलां
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सातरोड पीएचसी की नई बिल्डिंग बनाने के लिए हरियाणा के चीफ आर्केटेक्चर से मंजूरी मिल चुकी है। अब पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा ड्राइंग के अनुसार एस्टीमेट बनाया जाएगा। इसके बाद टेंडर सहित आगामी प्रक्रिया होगी। हम निरंतर इसके निर्माण के लिए प्रयासरत हैं। - डा. तरुण, स्वास्थ्य विभाग, हिसार
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