भिवानी। जिले के गांव धनाना निवासी नीतू घणघस का रिकॉर्ड पहले भी उपलब्धियों भरा रहा है। अब मैरीकॉम को हराकर उन्होंने अपने नाम एक और विशेष रिकॉर्ड बना लिया है। फरवरी 2022 में सोफिया बुल्गारिया में हुए स्ट्रेडजा कप में इटली की खिलाड़ी को 5-0 से हरा स्वर्ण पदक जीतकर नीतू ने मुक्केबाजी जगत में अपनी विशेष पहचान बनाई थी। मिनी क्यूबा की मुक्केबाज नीतू घणघस के मुक्कों से अनुभवी भारतीय मुक्केबाज एमसी मैरीकॉम लड़खड़ा गई। रिंग में मैच के दौरान मैरी कॉम को घुटने में चोट लगने के बाद राष्ट्रमंडल खेलों के 48 किग्रा के ट्रायल के बीच में ही हटने के लिए मजबूर होना पड़ा। 6 बार की विश्व चैंपियन मैरीकॉम को सेमीफाइनल के पहले राउंड में ही नीतू ने धूल चटा दी। मैरी कॉम को हराने के बाद नीतू ने इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में राष्ट्रमंडल खेलों के ट्रायल के फाइनल में प्रवेश किया। इस साल अपने पदार्पण में प्रतिष्ठित स्ट्रेडजा मेमोरियल टूर्नामेंट में स्वर्ण पदक जीतने वाली नीतू का सामना अब राष्ट्रमंडल खेलों की टीम में जगह बनाने के लिए मंजू रानी से होगा।
वर्ष 2012 में किया था मुक्केबाजी का सफर शुरू
मुक्केबाज नीतू घणघस के पिता जयभगवान ने बताया कि वे विधानसभा में नौकरी करते हैं। महज 21 वर्षीय नीतू ने वर्ष 2012 में कोच जगदीश के मार्गदर्शन में प्रशिक्षण लेना शुरू किया था। इसके बाद वह निरंतर मेहनत करती रही है और आज इस मुकाम पर पहुंची है। नीतू फिलहाल चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय से एमपीएड की पढ़ाई कर रही है। उसका छोटा भाई अक्षित कुमार शूटिंग का खिलाड़ी है, जो राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में भाग ले चुका है।
प्रमुख उपलब्धियां
-2017 में वर्ल्ड चैंपियनशिप गोवाहटी में स्वर्ण पदक।
-2018 में एशियन चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक।
-2018 में वर्ल्ड चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक।
-2022 में सोफिया बुल्गारिया में हुए स्ट्रेडजा कप इटली की खिलाड़ी हो हराकर स्वर्ण पदक।