हिसार। जहाजपुल चौक एरिया में डैमेज हुई जनस्वास्थ्य विभाग की सीवर लाइन ने करीब 10 हजार आबादी की परेशानी बढ़ा दी है। 200 घरों के आगे गलियों में सीवर का गंदा पानी भर गया है। हालात ऐसे हैं कि पैदल निकलना भी मुश्किल हो गया है। वहीं गंदे पानी की दुर्गंध से सांस लेना भी मुश्किल हो गया है।
मित्तल नगर, श्यामलाल बाग, श्यामलाल ढाणी और गांधी डेयरी कॉलोनी सबसे अधिक प्रभावित हैं। मिलगेट रोड और 12 क्वार्टर रोड पर भी गंदा पानी फैल गया है। लोगों का आरोप है कि जेई से लेकर एक्सईएन तक शिकायत करने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ।
जनस्वास्थ्य विभाग जहाजपुल चौक से जीजेयू तक बरसाती पानी की निकासी के लिए नई स्टॉर्म लाइन डाल रहा है। जहाजपुल चौक के पास दोनों तरफ से सीवर और स्टॉर्म लाइन आ रही हैं। इनके मिलन स्थल पर पुरानी सीवर लाइन डैमेज हो गई। इससे स्टॉर्म लाइन में सीवर का पानी भर गया।
दोपहर बाद विभाग ने टैंकर भेजकर गंदा पानी निकालने का प्रयास किया। अधिकारियों का कहना है कि पहले सीवर और स्टॉर्म लाइन को रोककर जमा पानी निकाला जाएगा। इसके बाद क्षतिग्रस्त लाइन को दुरुस्त किया जाएगा। एक्सईएन के अनुसार पूरी व्यवस्था सुधारने में करीब दस दिन लग सकते हैं।
वार्ड-5 के पार्षद भीम महाजन ने बताया कि सीवर लाइन डैमेज होने के बाद गलियों में पानी भर गया है। कई घरों में सीवर बैक मार रहा है। मित्तल नगर पार्क के सामने भी गंदा पानी जमा है। दूषित पानी से बदबू फैल रही है। मच्छर और मक्खियां पनपने से लोगों में डेंगू, मलेरिया, टाइफाइड और त्वचा संबंधी बीमारियों का खतरा बढ़ गया है।
समाधान नहीं आश्वासन मिल रहा
स्थानीय निवासियों का कहना है कि वे कई दिनों से अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को समस्या बता रहे हैं। इसके बावजूद समाधान के बजाय आश्वासन मिल रहे हैं। लोगों ने चेतावनी दी कि जल्द स्थायी समाधान नहीं हुआ तो जाम लगाने और जनस्वास्थ्य विभाग कार्यालय का घेराव करने को मजबूर होंगे। लोगों ने मांग की है कि अधिकारी रोजाना मौके का निरीक्षण करें। जब तक सीवर लाइन चालू नहीं होती, तब तक टैंकरों से लगातार गंदा पानी बाहर निकलवाया जाए।
प्रशासनिक दावों पर उठे सवाल
प्रशासन दस दिन में व्यवस्था सुधारने का दावा कर रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक मौके पर काम नहीं होता, तब तक उन्हें गंदे पानी के बीच रहना पड़ेगा। लोगों ने सवाल उठाया कि यदि टैंकरों से पानी निकालना ही अस्थायी समाधान है तो उन्हें लगातार क्यों नहीं लगाया जा रहा।
पिछले 25 दिनों से जहाजपुल चौक और आसपास का क्षेत्र बुरी तरह प्रभावित है। सीवर लाइन धंस चुकी है। रोड को खोदकर छोड़ दिया गया है। लोग परेशानी झेल रहे हैं। - सुरेंद्र पारीक, स्वामी विवेकानंद मार्केट।
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सीवर लाइन धंसने से स्टॉर्म लाइन में ही गंदा पानी डाला जा रहा है। टूटी सीवर लाइन को अभी तक ठीक नहीं किया गया है। अधिकारियों के पास समस्या का हल नजर ही नहीं आ रहा है। - धर्मपाल, स्थानीय निवासी।
पहले सीवर लाइन धंसने से काम बीच में छोड़ दिया गया था। अब सीवर का गंदा पानी गलियों में भर रहा है। लोग नारकीय जीवन जीने को मजबूर हैं। अधिकारियों को गंभीरता दिखानी चाहिए। - राजकुमार ग्रोवर, स्थानीय निवासी।
जेई से लेकर एसई तक को समस्या से अवगत करवा चुके हैं। बार-बार आश्वासन मिलने के सिवाय कुछ नहीं हो रहा है। कभी सात दिन तो कभी दस दिन कहा जा रहा है। 200 घरों के आगे गंदा पानी भर गया है। 10 हजार से ज्यादा आबादी परेशान है। - भीम महाजन, पार्षद, वार्ड-5
स्टॉर्म लाइन डालने के दौरान पुरानी सीवर लाइन डैमेज हो गई थी। इस कारण समस्या बढ़ गई। अब इसका समाधान करवाने के लिए पूरे प्रयास किए जा रहे हैं। पूरी तरह से दस दिन में व्यवस्था सुधर पाएगी। टैंकर भिजवाकर भी गंदा पानी निकलवाया गया है। - बलकार सिंह रेड्ढू, एक्सईएन, जनस्वास्थ्य विभाग।