हांसी। एचआईवी संक्रमित पति के माध्यम से महिलाएं भी संक्रमित हो रही हैं। वहीं पति के संक्रमित होने का पता चलने के बाद महिलाएं अपनी जांच करवा रही हैं। कई महिलाओं को अपने पति की मौत के बाद पता चल रहा है कि वह भी एचआईवी संक्रमित है।
नागरिक अस्पताल में अब तक 22 एचआईवी पॉजिटिव मरीज सामने आ चुके हैं। इसमें एक गर्भवती है। वहीं करीब 8 महिलाएं सामने आई हैं। जिसमें से पांच महिलाएं पति से संक्रमित हुई हैं। इन महिलाओं को बाद में पता लगा कि उनका पति एचआईवी संक्रमित था। इसमें से दो महिलाएं विधवा हैं। उन्हें पति की मौत के बाद पता लगा कि वे एचआईवी संक्रमित हैं। वहीं दो महिलाओं ने पति के संक्रमित होने के बाद जांच करवाई तो पता चला कि वह भी संक्रमित हैं। संक्रमित मिलने के बाद एक महिला ने अपने पति को भी छोड़ दिया।
कोरोना काल में 41 मामले मिले
उपमंडल में इस समय 290 एचआईवी मरीज हैं। प्रतिवर्ष 30 से 35 एचआईवी संक्रमित मरीज सामने आते हैं। वहीं दस वर्ष में करीब 20 एचआईवी संक्रमितों की मौत भी हो चुकी है। कोरोना काल में सबसे ज्यादा एचआईवी संक्रमित सामने आए थे। वर्ष 2020-21 में 41 संक्रमित मिले थे। वर्ष 2021-22 में 32 व 2022-23 में 30 संक्रमित मिले थे। वर्ष 2023-2024 में 32 संक्रमित मिले थे। इसमें दो गर्भवती महिलाएं थी वहीं पांच युवक नशे की लत से एचआईवी संक्रमित हुए थे।
एक युवक नशे की लत से हुआ संक्रमित
इस वर्ष अब तक 22 एचआईवी पीड़ित सामने आ चुके हैं। इसमें से एक युवक नशे की लत के कारण संक्रमित हुआ। बता दें कि नागरिक अस्पताल के पिछली तरफ पीपीसी सेंटर में ही आईसीटीसी सेंटर है। यहां पर ही एचआईवी संक्रमित मरीजों का रिकॉर्ड रखा जाता है। साथ ही उन्हें उपचार के लिए हिसार भेजा जाता है। यहां पर मरीजों की काउंसिलिंग भी की जाती है। ज्ञात रहे कि असुरक्षित यौन संबंध से, गर्भवती मां से उसके बच्चे को, बिना जांच किया हुआ रक्त ग्रहण करने से, संक्रमित व्यक्ति को लगे हुए इंजेक्शन व सुई से एचआईवी फैलता है।
एचआईवी के लिए हम जागरूकता शिविर आयोजित करते रहते हैं। संदिग्ध मरीज मिलने पर उसकी जांच भी करवाते हैं।
- डॉ. राहुल, एसएमओ, नागरिक अस्पताल