हरियाणा राज्य सतर्कता ब्यूरो ने तथ्यों के आधार पर सहकारी समितियों के अधिकारियों की कार्यप्रणाली को संदेह के घेरे में ला दिया है। रिश्वत लेने के आरोप में पकड़े गए सहकारी समिति के एक इंस्पेक्टर के मामले की जांच के दौरान कई अनियमितताओं का खुलासा हुआ है। विजिलेंस ने जांच रिपोर्ट तैयार कर निदेशक को सौंप दी। निदेशक ने रिपोर्ट पर कार्रवाई के लिए हरियाणा के मुख्य सचिव को स्थानांतरित किया। सरकार ने डीआर हिसार कविता धनखड़ को जांच सौंपी है।
30 जुलाई 2013 को विजिलेंस सिरसा के निरीक्षक जगजीत सिंह ने गांव जंडवाला बिश्नोईयां निवासी प्रवीण कुमार की शिकायत पर गांव गोरीवाला में छापेमारी करके सहकारी समिति कार्यालय डबवाली के निरीक्षक पृथ्वी सिंह को 18 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया था। विजिलेंस ने जांच का काम आगे बढ़ाते हुए पृथ्वी सिंह के बारे में कई महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल की।
नियमों के विरुद्ध हुआ कार्य
विजिलेंस सूत्रों के अनुसार घूसखोरी के आरोप में पकड़े जाने के वक्त पृथ्वी सिंह की उम्र करीब साढ़े 57 वर्ष थी जबकि 55 वर्ष की आयु सेवानिवृत्ति के लिए निर्धारित है। कार्य अवधि बढ़ाने के लिए सरकार की मंजूरी की आवश्यकता होती है लेकिन अपने महकमे के अधिकारियों से मिलीभगत करके पृथ्वी सिंह ने यह अनुमति प्राप्त किए बिना ही अपनी सेवा जारी रखी। सरकार से वेतन भी प्राप्त करता रहा।
नियमों को तिलांजलि देते हुए सहकारी समितियों के अधिकारियों ने उसके रिकॉर्ड की अनदेखी करते हुए उसे पैक्स डबवाली, अबूबशहर, चौटाला, बिज्जूवाली गोरीवाला, अलीकां, देसूजोधा, खोखर और औढ़ां का प्रशासक नियुक्त कर दिया।
रिकॉर्ड बेहद खराब
सूत्रों के अनुसार पृथ्वी सिंह का सर्विस रिकॉर्ड बेहद खराब है। उस पर भ्रष्टाचार, गबन के मामले चल रहे हैं। इसकी अनदेखी करते हुए 2012 से 30 जुलाई 2013 तक उसे उपरोक्त पैक्स का प्रशासक लगाए रखा। प्रशासक लगने के छह माह के भीतर पैक्स चुनाव अनिवार्य होते हैं। लेकिन अधिकारियों ने यहां भी नियमों की धज्जियां उड़ा दी। एक वर्ष तक चुनाव ही नहीं करवाए।
सूत्रों के अनुसार प्रशासक का कर्त्तव्य अपने अधीन पैक्सों में हो रहे कार्य की मॉनीटरिंग करना होता है, लेकिन पृथ्वी सिंह ने अपने कर्त्तव्यों की अवहेलना की। प्रशासक बनकर एक साल के भीतर पैक्सों में नियमों के विरुद्ध सेल्स प्वाइंट पर चौकीदारों की नियुक्ति कर दी। इसके अतिरिक्त नियमों के विरुद्ध कई प्रस्ताव पारित किए।
निदेशक को भेजी रिपोर्ट
विजिलेंस ने जांच पूरी करके रिपोर्ट को निदेशक विजिलेंस के पास भेजा। निदेशक ने रिपोर्ट पर कार्रवाई के लिए हरियाणा के मुख्य सचिव को स्थानांतरित किया। सरकार ने डीआर हिसार कविता धनखड़ को जांच सौंपी है। जांच अधिकारी ने संबंधित सोसाइटी का रिकॉर्ड तलब किया है।
सोसायटी का रिकॉर्ड तलब, समीक्षा होगी : डीआर
मामले की जांच कर रही डीआर हिसार कविता धनखड़ ने बताया कि विजिलेंस की रिपोर्ट के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। इस में उन्होंने संबंधित सोसाइटी का रिकॉर्ड मांगा है। जिसमें प्रशासक रहते हुए पृथ्वी सिंह द्वारा पास किए गए प्रस्तावों और नियुक्तियों की जांच की समीक्षा की जाएगी।
फिलहाल उन्हें पूरा रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हुआ है। उन्होंने इस बात को स्वीकार किया कि कार्य अवधि में कुछ खामियां हैं, फिलहाल जांच चल रही है।