हुडा के डेवलप सेक्टर नगर निगम को हैंडओवर किए जाने के तीन महीने बाद भी आज तक हुडा इन सेक्टरों में मौके पर दी गई कमियों को दूर नहीं करवा पा रहा। चीफ हुडा एडमिनिस्ट्रेटर के लेटर का हवाला देते हुए निगम अधिकारियों ने हुडा अधिकारियों को रिमांडर डाला है, जिसमें साफ लिखा है कि हुडा अधिकारी चीफ एडमिनिस्ट्रेटर के आदेशों की पालना नहीं कर रहे। निगम को सेक्टर हैंडओवर करते समय जो शर्तें चीफ एडमिनिस्ट्रेटर ने रखी थी (तीन महीने में मौजूदा में दी गई कमियों को दूर करने की) उनमें से एक भी पूरी नहीं कर रहे।
हुडा को अपने खर्च पर करवानी थी कमियां दूर
निगम के अधिकारियों का कहना है कि सेक्टरों में जो भी कमियां थीं चाहे वो इलेक्ट्रिकल से संबंधित हो या फिर सड़कें या अन्य किसी वर्क से, इन कमियों को दूर कर यानी ठीक हालात में ही उसे हैंडओवर किया जाना था। अगर हैंडओवर करते समय हालात खराब हैं तो तीन महीने के अंतराल में हुडा उसे ठीक करवाए।
अधिकारी बोले कहीं मीटर जले हुए हैं तो कहीं वायर
निगम के अधिकारियों ने बताया है कि सेक्टरों में लगाए गए बिजली मीटर जले हुए हैं। सेक्टर 13 सेक्टर 16-17 में तो स्ट्रीट लाइट के लिए लगाए गए मीटरों का बुरा हाल है। ठीक ऐसी ही हालात तारों (कंडक्टर) की है। जगह जगह लाइनें जली हुई हैं। दिल्ली रोड जिंदल पुल से लेकर सेक्टर 27-28 तक तो पूरी लाइन ही डैमेज है। सारे कम्यूनिटी सेंटर्स में ऐसे ही हालात है। कम्यूनिटी सेंटरों में लगे एसी, एलईडी व लाइटें तक खराब पड़ी हैं। इन्हें ठीक करने के लिए हुडा को बार-बार लिखा जा रहा है, लेकिन कोई सुनवाई ही नहीं की जा रही।
एक अक्तूबर को तीन महीने का टाइम पीरियड समाप्त हो जाएगा। हमने रिमांडर डाल दिया है। सीए हुडा के आदेश अनुसार कमियां दूर करवाना हुडा की जिम्मेवारी थी। अभी तक कोई सिंगल काम ठीक नहीं किया गया।
- आरडी शर्मा, जूनियर इंजीनियर नगर निगम इलेक्ट्रिकल विंग