फतेहाबाद जिले के गांव भिरड़ाना निवासी मनीष ने बताया कि वह अपनी दादी संतरो के साथ पहुंचे थे। मनीष ने बताया कि दिल्ली से बैंगलुरू के लिए रात 8 बजे की फ्लाइट है। मैं दोपहर करीब 12 बजे हिसार पहुंचा था। यहां आकर पता लगा कि फ्लाइट करीब तीन घंटे की देरी से चल रही है। अब यही फ्लाइट अयोध्या जाएगी वहां से कितनी देर में आएगी। हिसार से दिल्ली समय पर पहुंच पाएगी या मौसम के कारण कैंसिल हो जाएगी । अगर हम समय पर दिल्ली नहीं पहुंचे तो हमारी बंगलुरू की फ्लाइट भी छूट जाएगी। मैंने टिकट कैंसिल कर दी है। अब कैब बुक कर दिल्ली जा रहे हैं।
बिचपड़ी निवासी कृष्ण कुमार ने बताया कि हैदराबाद से दिल्ली आया था। दिल्ली से हिसार आने के करीब ढाई घंटे इंतजार कराया गया। हमें बता रहे थे कि हिसार में गेहूं की कटाई के कारण आसमान में धूल का गुबार है। हमें उतरने के लिए 5000 मीटर की दृश्यता चाहिए, वहां 3000 से 3500 मीटर की दृश्यता है। इस कारण करीब ढाई घंटे हमें इंतजार कराया गया।
सूर्य नगर निवासी नरेंद्र शर्मा कहा कि हिसार एयरपोर्ट पर कोई सुविधा नहीं है। नरेंद्र शर्मा ने बताया कि कोलकता से दिल्ली तो 2 घंटे में आ गए थे। इसके बाद हमें दिल्ली में ढाई घंटे इंतजार कराया गया। यात्रियों के लिए कोई सुविधा नहीं है। लोगों को परेशान किया जा रहा है। बुजुर्ग लोग रनवे से 400-500 मीटर पैदल चलते हुए आ रहे हैं। बच्चे, महिलाएं 42 डिग्री की धूप में पैदल आ रहे हैं। पीएम नरेंद्र मोदी से उद्घाटन के चक्कर में बिना सुविधाओं के चलते एयरपोर्ट को शुरु कर दिया।
दिल्ली से आए पुलकित ने कहा हम खेदड़ थर्मल पावर प्लांट में रहते हैं। दिल्ली से टैक्सी की बजाए हमने हवाई जहाज का विकल्प लिया था। इतनी देरी होना सही नहीं है। दिल्ली से इतनी देर में तो टैक्सी या रोडवेज बस में भी आ जाते। सुबह 9 बजे से अब दोपहर 1 बजे हिसार पहुंचे हैं।