फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Hisar News: जहां रोजाना खाए धक्के, वहीं एसी हॉल में बैठ, चाय-पानी पीकर सुनाई फरियाद

Mon, 10 Jun 2024 11:58 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, हिसार
विज्ञापन
विज्ञापन
हिसार। मुख्यमंत्री के आदेश पर सोमवार को लघु सचिवालय में समाधान शिविर का आयोजन किया गया। पहले दिन शिविर में करीब 50 फरियादी पहुंचे, लेकिन 17 की ही सुनवाई हो सकी। बाकी फरियादियों को मंगलवार को फिर से आने को कहा है। हालांकि जिनकी सुनवाई हुई, उनमें भी कुछ की समस्या का समाधान हुआ और बाकी को मायूस होकर लौटना पड़ा। सोमवार को नजारा कुछ बदला सा नजर आया। जहां जनता सुनवाई के लिए भटकती थी, वहां उन्हें एसी हॉल में बैठाया गया, चाय-पानी पूछा गया। पुलिस कर्मचारी एक-एक कुर्सी पर जाकर समस्या पूछ रहे थे। उपायुक्त बीच-बीच में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को बोलते रहे कि शिविर में अधिकारियों के साथ-साथ जनता को पानी पिलाएं।
विज्ञापन

लोकसभा चुनाव में भाजपा सरकार को काफी मुद्दों को लोगों की काफी नाराजगी झेलनी पड़ी। चूंकि अब अक्तूबर में विधानसभा चुनाव होने हैं तो इसे देखते हुए सरकार ने इन मुद्दों का हल करके जनता की नाराजगी दूर का फैसला किया है। इसी के तहत प्रदेश सरकार ने सभी जिला मुख्यालयों व उपमंडल स्तर पर प्रतिदिन सुबह 9 से 11 बजे जनता की समस्याएं सुनने का फरमान जारी किया है।
कर्मचारियों पर भड़के उपायुक्त
उपायुक्त कई कर्मचारियों पर आग बबूला भी हो गए। दरअसल उपायुक्त ने शिविर में बैठे कंप्लेट असिस्टेंट को मंच पर बुलाया और धमकाते हुए कहा कि आप पीछे कुर्सियों पर हाथ पर हाथ धरकर बैठे हैं और हम यहां शिकायतें सुने रहे हैं। इसके अलावा उपायुक्त प्रदीप दहिया ने पूछा कि डीएसडब्ल्यू कार्यालय के कर्मचारी कहां हैं। इस पर दो कर्मचारी खड़े हुए तो उपायुक्त ने कहा कि आप दो ही कर्मचारी शिविर में हो, और कहां हैं। उपायुक्त ने कहा कि क्या आप एक ही शिकायत पर लगे रहोगे।
विज्ञापन

युवक से बोले-नौकरी क्यों नहीं करते
शिविर में ऋषि नगर का विकास बीपीएल कार्ड बनवाने आया था। जब वह अपनी शिकायत लेकर उपायुक्त के पास गया तो उन्होंने कहा कि तुम नौकरी क्यों नहीं करते। मैं 23 साल की उम्र में कमाने लग गया था, तुम भी कमाओ। इस पर विकास ने कहा कि वह एक निजी कंपनी में नौकरी करता है। यह सुनकर उपायुक्त ने कहा कि आपका काम हो जाएगा।
5 मिनट पहले शिविर में एंट्री की बंद
शिविर खत्म होने पर भी काफी लोग बचे थे, जिनकी सुनवाई नहीं हुई थी। उपायुक्त ने 10 बजकर 55 मिनट पर पुलिस कर्मचारियों ने कहा कि अब शिविर में लोगों को न आने दे। साथ ही उन्होंने भी शिविर में मौजूद लोगाें से कहा कि जिनकी सुनवाई नहीं हुई है, वो अगले दिन दोबारा आए। वहीं 11 बजे भी कुछ लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे, लेकिन पुलिस कर्मचारियों ने उन्हें सभागार के अंदर नहीं जाने दिया।
ये समस्याएं लेकर पहुंचे फरियादी
शिविर में परिवार पहचान पत्र को लेकर शिकायत दर्ज करवाई। पहले भी कई बार अधिकारियों के पास जा चुका हूं। आज भी वहीं रटा रटाया जवाब मिला कि ऊपर से पोर्टल खुलेगा तो परिवार पहचान पत्र ठीक हो जाएगा। एडवोकेट प्रमोद कालीरमन
- परिवार पहचान पत्र में पौन चार एकड़ जमीन दिखाई गई है, जबकि मेरे पास 2 कनाल जमीन है। इस कारण से मुख्यमंत्री राहत कोष से आर्थिक मदद नहीं मिल रही है। 6 माह से चक्कर लगा रहा हूं। देवीलाल, काबरेल
- परिवार पहचान पत्र में मेरी आय 3 लाख रुपये दर्शाई गई है, जबकि मेरी मासिक आय 8-9 हजार रुपये ही है। इस कारण से मेरा बीपीएल कार्ड नहीं बन रहा है। सीएम विंडो पर भी शिकायत दी थी, लेकिन समाधान नहीं हुआ। रणधीर, राजीवनगर
- परिवार पहचान पत्र में मेरी आय वेरिफाई नहीं हो रही है। इस कारण से मेरा न तो आयुष्मान कार्ड बन रहा है और न ही बीपीएल कार्ड। एडीसी कार्यालय के काफी चक्कर लगा चुका हूं। आय प्रमाणपत्र मांग रहे हैं, लेकिन वह भी नहीं बन रहा है। नीरज, महावीर कॉलोनी
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें