सर्व कर्मचारी संघ ने सोमवार को उपायुक्त कार्यालय के सामने दूसरे दिन हरियाणा कर्मचारी असेंबली चलाई। हरियाणा कर्मचारी असेंबली का अध्यक्ष जिला प्रधान सुरेंद्र यादव को बनाया गया। सेशन के पहले दिन 15 दिसंबर को कर्मचारी नेता विजय शर्मा हृदयाघात से मौत के बाद सोमवार का सत्र शुरू करने से पहले उनके लिए दो मिनट का मौन रखते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की। इस दौरान 10 प्रस्ताव पारित किए गए।
कर्मचारी नेताओं ने कहा कि 2.85 लाख पक्के व 1.62 कच्चे कर्मचारियों हैं। कच्चे कर्मचारी 15-20 सालो से पक्के होने की राह देख रहे हैं। सरकार ने पिछली सरकारों द्वारा बनाई गई नीतियों को भी रद्द कर दिया है, उसे दोबारा से रेगुलराइजेशन सेवाएं शुरू करते हुए जल्द पक्का किया जाए। रोजगार का हरियाणा में बुरा हाल है बेरोजगारी की दर पूरे प्रदेश में ज्यादा है। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा ने सभी 10 प्रस्तावों की कॉपी विधानसभा अध्यक्ष, मुख्यमंत्री, नेता प्रतिपक्ष, राज्यपाल को प्रस्ताव की प्रति उपायुक्त के माध्यम से भेजी गई। कर्मचारी अभियान चलाकर 4 फरवरी को रोहतक में राज्य स्तरीय रैली में रोष प्रकट करेंगे। बिजली बिल संशोधन कानून प्रस्ताव पेश करते हुए कहा कि बिजली बिल कानून लागू होने से बिजली महंगी होगी व सब्सिडी खत्म हो जाएगी। बिजली संशोधन कानून रद्द किया जाए।
बैठक में रिटायर्ड प्रधान ओमप्रकाश सैनी, नरेश गौतम, राजेश बागड़ी, अशोक सैनी, डाॅ. हितेश, दलीप सोनी, कामरेड सतबीर, ओमप्रकाश माल, विनोद प्रभाकर, रमेश शर्मा, हितेंद्र सिहाग, सूरज प्रकाश भाटिया, रविंद्र शर्मा, रामसूरत, मनोज, सत्यवान रंगा, सूबे सिंह कादियान, अभयराम फोजी, मनोहरलाल जाखड़, मनोज कुमार मौजूद रहे।
कर्मचारियों की आवाज न सुनने वालों डूब मरो...
कर्मचारी नेताओं ने कहा कि कर्मचारियों की मांग को पूरा न कर सको तो आपको सत्ता में रहने का कोई हक नहीं है। कर्मचारियों की आवाज न सुनने वाले डूब मरो, 9 साल के दौरान इस सरकार में एक भी वेतन आयोग लागू नहीं हुआ है। मनरेगा में 200 दिन व मजदूरों की 600 रुपये दिहाड़ी होनी चाहिए। 9वीं कक्षा से बच्चों को सरकारी नौकरी के लिए तैयारी करवानी चाहिए। पढ़ने के लिए लड़कियों स्पेशल बसें चलाई जानी चाहिए। सार्वजनिक सेवा का विस्तार, निजीकरण को पूरी तरह खत्म करना चाहिए। परिवार इकाई में माता-पिता को शामिल किया जाना चाहिए। विधायक-सांसद के लिए भी एक ही पेंशन लागू होनी चाहिए।
बैठक में पास हुए कुछ प्रस्ताव
कच्चे कर्मचारी रेगुलराइजेशन अधिनियम, कच्चे कर्मचारी रोजगार का विस्तार एवं गुणवत्ता निजीकरण का विरोध
कर्मचारियों ने केन्द्र सरकार से आठवें वेतन आयोग गठित करने का अधिनियम
वेतन आयोग विसंगति संबंधी बुनियादी सवाल, कर्मचारियों के जनतांत्रिक नागरिक अधिकार
सामाजिक न्याय और एकता आरक्षण जाति सांप्रदायिकता अधिनियम
बिजली कानून संशोधन, स्मार्ट मीटर, राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020, रोड ट्रांसपोर्ट कानून अधिनियम