जिले में खाद के लिए मारामारी मची है। किसानों को 10 दिनों से डीएपी खाद नहीं मिल रही है। रोजाना किसान खाद के लिए भटक रहे हैं। अब डीएपी के बाद यूरिया खाद का भी टोटा शुरू हो चुका है। वीरवार को नई अनाजमंडी स्थित हैफेड समिति कार्यालय में यूरिया खाद के 550 बैग पहुंचे थे। खाद की सूचना मिलते ही मंडी में किसानों की लाइन लग गई। दोपहर एक बजे तक खाद का स्टॉक खत्म हो गया। ऐसे में काफी किसानों को मायूस लौटना पड़ा। वहीं एक-दो दिन में नई अनाजमंडी में डीएपी खाद पहुंचने की बात कही जा रही है। गौरतलब है कि किसानों की ओर से डीएपी खाद की डिमांड ज्यादा आ रही है।
एक परिवार के कई सदस्य आ रहे खाद लेने
एक किसान को आधार कार्ड दिखाने के बाद खाद के छह बैग दिए जा रहे हैं। मगर खाद की डिमांड ज्यादा है। किसान 10 से 15 खाद के बैग की डिमांड कर रहे हैं। ऐसे में एक परिवार के तीन-तीन सदस्य आधार कार्ड दिखाकर खाद लेने पहुंच रहे हैं।
अभी स्टॉक में यूरिया खाद भी नहीं है। वीरवार सुबह ही हमारे पास 550 बैग यूरिया खाद के पहुंचे थे। दोपहर एक बजे तक खाद खत्म हो गई। एक-दो दिन में डीएपी खाद भी आने की उम्मीद है।
- सुंदरलाल, अकाउंटेंट, हैफेड समिति कार्यालय