लघु सचिवालय के बाहर प्रदर्शन के दौरान पुलिस से उलझते हुए बिजली कर्मचारी।
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बिजली निगम के 23 सब डिवीजन की फ्रेंचाइजी देकर निजीकरण के विरोध में कर्मचारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने लघु सचिवालय तक विरोध जलूस भी निकाला। लघु सचिवालय के गेट पर कर्मचारियों ने अंदर जाने का प्रयास किया तो पुलिस ने गेट बंद कर दिया। कर्मचारियों ने एसडीएम अशोक बंसल को ज्ञापन सौंपा।
हरियाणा बिजली कर्मचारी ज्वाइंट कमेटी के आह्वान पर बिजली कर्मचारी बृहस्पतिवार को राजगढ़ रोड स्थित सर्कल कार्यालय पर बिजली कर्मचारी एकत्रित हुए। प्रदर्शन की अध्यक्षता सर्कल सचिव जगमिंद्र पूनियां ने की व संचालन सर्कल सचिव दलीप सोनी ने किया। प्रदर्शन में हांसी, आदमपुर, उकलाना, हिसार, बरवाला व बालसमंद के कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।
लघु सचिवालय में अंदर जाने को लेकर बिजली कर्मचारियों की पुलिस के साथ बहस हुई। बहस के बाद पुलिस ने लघु सचिवालय का मेन गेट बंद कर दिया। कर्मचारियों ने गेट पर ही नारेबाजी शुरू कर दी। यहां पर प्रदर्शनकारियों को संबोधित करते हुए यूनियन के राज्य चेयरमैन बिजेंद्र बैनीवाल ने कहा कि प्रदेश की सरकार यदि 23 सब डिवीजनों को निजी हाथों में देने के फैसले को वापस नहीं लेती है तो आगामी आंदोलन को 26 अप्रैल को शक्ति भवन पंचकूला पर रोष प्रदर्शन किया जाएगा, जिसमें प्रांत भर से हजारों कर्मचारी सरकार की कर्मचारी विरोधी नीतियों के खिलाफ रोष प्रदर्शन करेंगे। सर्कल सचिव दलीप सोनी व जगमिंद्र पूनियां ने संबोधित करते हुए कहा कि सरकार की कर्मचारी विरोधी नीतियों को किसी कीमत पर सहन नहीं करेंगे। कर्मचारी अपने हक के लिए आंदोलन करेंगे। निजीकरण का फैसला लागू नहीं होने दिया जाएगा।
बिजली निगम कर्मचारियों की मांगों का ज्ञापन लेने एसडीएम अशोक बंसल पहुंचे। कर्मचारियों ने कहा अतिरिक्त मुख्य सचिव हरियाणा के नाम ज्ञापन प्रेषित किया है। ज्ञापन के माध्यम से यूनियन ने फ्रेंचाइजी के जरिए निजीकरण के प्रयास को रद करने की मांग की। यूनियन सदस्यों को बुला कर उनका समाधान करे। अन्यथा कर्मचारियों को मजबूरन जेल भरो आंदोलन, विधानसभा घेराव इत्यादि को मजबूर होना पड़ेगा। प्रदर्शन को जोनल संगठनकर्ता बीरूराम कुंडू, सूबे सिंह कादियान, सुरेंद्र यादव, यूनिट प्रधान ईश्वर बिसला, राजबीर सिंह, जसवंत सिंह, चेलाराम व धर्मपाल आदि कर्मचारी नेताओं ने संबोधित किया।