हिसार। हरियाणा विधानसभा में चुनाव प्रचार से अब तक दूर रहीं कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव कुमारी सैलजा ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। कुमारी सैलजा ने अमर उजाला संवाददाता से मोबाइल पर हुई बातचीत में कहा कि कांग्रेस की सच्ची सिपाही हूं। कांग्रेस के लिए ही काम करूंगी। तमाम तरह की अफवाहों को विराम देते हुए उन्होंने कहा कि वे 26 सितंबर से प्रचार शुरू करेंगी। चुनाव प्रचार के कार्यक्रम तय कर किए जा रहे हैं। चुनाव के समय इस तरह की अफवाहें उड़ाई जाती हैं। भ्रम फैलाए जाते हैं।
अमर उजाला से बातचीत में कुमारी सैलजा ने कहा कि मैं कांग्रेस में ही रहूंगी। अपने पिता की तरह से सच्ची कांग्रेसी हूं। भाजपा की ओर से दिए जा रहे ऑफर और टिप्पणी को लेकर उन्होंने कहा कि मेरा तीन दशक लंबा राजनीतिक अनुभव है। चुनाव के समय तरह-तरह के हथकंडे अपनाए जाते हैं। मेरी पार्टी और मेरा नेतृत्व मेरा मुकाम तय करेगा। मैं अपना रास्ता खुद तय करना जानती हूं। अपने पिता की तरह से कांग्रेस के तिरंगे में दुनिया से विदा होकर जाऊंगी। कांग्रेस छोड़ने के बारे में कभी नहीं सोच सकती। चुनाव प्रचार से दूरी के सवाल पर उन्होंने कहा कि कार्यक्रम तय किए जा रहे हैं। बहुत जल्द आपको चुनावी मैदान में ही दिखूंगी। कांग्रेस के लिए प्रचार करूंगी। अभी दिल्ली में हूं। सिरसा लोकसभा क्षेत्र के कार्यकर्ताओं से नियमित संपर्क में हूं।
पार्टी में कई चीजें होती हैं लेकिन ये आंतरिक मामले
उन्हाेंने कहा कि सभी कांग्रेसजनों का उद्देश्य हरियाणा में कांग्रेस की सरकार बनाना है। पार्टी में कई चीजें होती हैं, लेकिन ये पार्टी के आंतरिक मामले हैं। पार्टी को विजयश्री के लिए हम पहले भी कड़ी मेहनत कर चुके हैं। हमने कांग्रेस पार्टी को मजबूत करने के लिए काम किया, हरियाणा के लोगों की लड़ाई लड़ी। अब हम कांग्रेस सरकार बनाने जा रहे हैं।
भाजपा कुछ ज्यादा ही चिंतित दिख रही
नाराजगी को लेकर पूछे गए सवाल के जवाब में कहा कि भाजपा कुछ ज्यादा ही चिंतित दिख रही है। कुमारी सैलजा 26 सितंबर को नरवाना , इसी दिन हिसार में भी जनसंपर्क करेंगी। इसके बाद 28 सितंबर फतेहाबाद में बलवान सिंह के लिए प्रचार करेंगी। इसके अलावा 1,2,3 को कुछ जगह पर रोड शो भी करेंगे।
कांग्रेस की टिकट वितरण के समय से ही कुमारी सैलजा प्रचार से दूर हैं। उन्होंने हरियाणा में चुनावी प्रचार में अब तक एक भी जनसभा को भी संबोधित नहीं किया है। किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में हिस्सा नहीं लिया है। जिसके बाद से भाजपा ,जजपा , इनेलो सहित अन्य राजनीतिक दलों के नेता उनको लेकर कई तरह से सवाल उठा रहे हैं। अपनी पार्टी में शामिल होने का ऑफर भी दे रहे हैं।