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टेंडर के तीन साल बाद भी बीएंडआर तय नहीं कर पाया फुट ओवरब्रिज पर कहां लगेगा एस्केलेटर

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हिसार। टेंडर होने के तीन साल बाद भी बीएंडआर की इलेक्ट्रिक शाखा यह तय नहीं कर पाया है कि आखिर फुट ओवरब्रिज पर एस्केलेटर को कहां लगाया जाए। पहले एस्केलेटर (स्वचालित सीढ़ियां) को तताकी गेट एफओबी पर लगाने की योजना थी, मगर अब अधिकारी इसे कैंट के सामने स्थित एफओबी पर लगाने पर विचार कर रहे हैं। उधर, दो साल से एस्केलेटर बीएंडआर के स्टोर में धूल फांक कर रहा है।
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तलाकी गेट स्थित एफओबी पर एस्केलेटर लगाने के लिए बीएंडआर की तरफ से 2.39 करोड़ रुपये का टेंडर किया हुआ है। इसके तहत एस्केलेटर उपलब्ध करवाने से लेकर उसे लगाने तक की जिम्मेदारी उक्त एजेंसी की है। उधर एफओबी की बात करें तो उस पर करीब दो करोड़ रुपये खर्च आया था। हालांकि लोग इसका इस्तेमाल नहीं कर रहे हैं।
बता दें कि तलाकी गेट पर वाहनों की संख्या काफी ज्यादा रहती है, जिस कारण से यहां पैदल ही सड़क पार करने वालों को काफी समस्या का सामना करना पड़ता है। सड़क पर करते समय हादसे की आशंका भी बनी रहती है। इस कारण से यहां एफओबी बनाया गया। चूंकि एफओबी की ऊंचाई ज्यादा है तो इस कारण से लोग इसका इस्तेमाल नहीं कर रहे हैं। इसी को देखते हुए इस पर एस्केलेटर लगाने का फैसला किया गया। वर्ष 2018 में एस्केलेटर लगाने को लेकर जॉनसन कंपनी को टेंडर भी अलॉट कर दिया। यही नहीं वर्ष 2019 में एस्केलेटर पहुंच भी गया। मगर आज तक इसे एफओबी पर लगाया नहीं गया।
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जमीन वाली अड़चन नहीं हो सकी दूर
एस्केलेटर को लगाने के लिए एक निजी जमीन की जरूरत पड़ रही है और यह जमीन किसी संस्था की है। जमीन देने को लेकर अधिकारियों ने संस्था के पदाधिकारियों से कई बार बातचीत की, लेकिन बात सिरे नहीं चढ़ सकी। इस कारण से आज तक तलाकी गेट स्थित एफओबी पर एस्केलेटर लगाने की योजना अधर में लटकी पड़ी है।
शहर में एलिवेटेड रोड बनने से विकल्प ढूंढने लगे अधिकारी
अब एस्केलेटर लगाने में एक नई अड़चन आ गई है। दिल्ली रोड पर एलिवेटेड रोड बनाने की योजना है, जिसके लिए धरातल पर काम भी शुरू हो गया है। अगर इस रोड पर एलिवेटेड रोड बनता है तो तलाकी गेट पर बने एफओबी को भी हटाना पड़ेगा। ऐसे में यहां एस्केलेटर लगाने का कोई फायदा नहीं होगा। इसे देखते हुए अधिकारियों ने अन्य विकल्प भी तलाशने शुरू कर दिए है। अधिकारी ऐसी जगह देख रहे हैं, जहां इस एस्केलेटर को लगाया जा सके ताकि लोगों को इसका फायदा भी मिल सके। इसी के तहत कैंट के सामने बने एफओबी पर इसे लगाने पर विचार किया जा रहा है। पिछले दिनों इसी को लेकर एजेंसी ने मौके का दौरा भी किया था। हालांकि यहां भी एस्केलेटर लगाने में कुछ अड़चन आ रही है।
दिल्ली रोड पर एलिवेटेड रोड बनाने की प्लानिंग है। इसे देखते हुए इस एस्केलेटर को किसी अन्य जगह पर लगाने पर विचार किया जा रहा है। कैंट के सामने भी एक एफओबी बना हुआ है। उस पर विचार किया जा रहा है। - नवीन कुमार, एक्सईएन, इलेक्ट्रिक शाखा, बीएंडआर
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