उपायुक्त ने फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर सरपंच बनी असरावां की सरपंच राजबाला को निलंबित कर दिया है। महिला सरपंच को दस दिन में जवाब देना होगा। इसे बाद डीसी की ओर से अंतिम फैसला लिया जाएगा।
शिकायतकर्ता असरावां निवासी राजीव पुत्र मदनलाल ने बताया कि ग्राम पंचायत असरावां की वर्तमान सरपंच राजाबाल ने फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर ग्राम पंचायत असरावां के सरपंच पद का चुनाव लड़ा, जिसमें वह विजयी रही। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने सरपंच राजबाला के आठवीं के प्रमाण पत्र संबंधी आरटीआई लगाई तो उसमें खुलासा हुआ कि राजबाला ने बठिंडा के जनता मिडिल स्कूल से फर्जी प्रमाण पत्र बनाया और उसी के आधार पर चुनाव लड़ा। इस आधार पर उन्होंने इसकी शिकायत जिला उपायुक्त, पंचायत एवं विकास अधिकारी तथा जिला पुलिस अधीक्षक को की। इस पर कार्यवाही करते हुए प्रशासन ने राजबाला को निलंबित करते हुए उसके खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया है। निलंबन आदेश मेें उपायुक्त ने उक्त निलंबित सरपंच को ग्राम पंचायत का प्रभार बहुमत रखने वाले पंच को सौंपने के आदेश दिए हैं। इससे पहले खेदड़ गांव के सरपंच को नोटिस दिया जा चुका है। गांव तलवंडी रुक्का के सरपंच पर भी फर्जी मार्कशीट का नोटिस दिया हुुआ है।