हिसार। ऋषिनगर में 23 जून को कबाड़ी की दुकान में हुए धमाके के मामले में सिटी थाना पुलिस ने सेक्टर-14 निवासी पंकज कुमार को गिरफ्तार किया है। आरोपी केंद्रीय विश्वविद्यालय महेंद्रगढ़ में असिस्टेंट प्रोफेसर है। वह किसी विषय पर शोध कर रहा था। इसी से संबंधित विस्फोटक पदार्थ से भरा लोहे का पाइप उसने कबाड़ी श्रीचंद को बेचा था। इस पाइप को तौलते समय हुए धमाके में श्रीचंद की मौत हुई थी।
पुलिस की पांच टीमों ने सेक्टर-14, 33 और ऋषिनगर के 140 से अधिक सीसीटीवी की फुटेज खंगाली। पुलिस ने आरोपी को अदालत में पेश किया, वहां से उसे पूछताछ के लिए 4 दिन के रिमांड पर भेज दिया। रिमांड के दौरान उससे पूछताछ की जाएगी कि वह इन विस्फोटक पदार्थ भरे पाइप को कहां से लाया था।
जांच अधिकारी मनमोहन सिंह ने बताया कि आरोपी पंकज ने जान-बूझकर विस्फोटक पदार्थ से भरा लोहे का पाइप कबाड़ी को बेचा था। पंकज को पता था कि पाइप में विस्फोटक भरा है। उसकी लापरवाही और गैरकानूनी काम के कारण विस्फोट हुआ था।
ऋषिनगर स्थित कबाड़ी की दुकान में 23 जून को दोपहर करीब एक बजे धमाका हुआ। सिटी थाना पुलिस टीम मौके पर पहुंची। राजस्थान के भादरा निवासी सुशील कुमार ने शिकायत देकर कहा था कि उनका जीजा श्रीचंद निवासी हाउसिंग बोर्ड कॉलोनी फेरी लगाकर घरों से कबाड़ एकत्र करता था और फिर कबाड़ उसकी दुकान पर बेचता था।
श्रीचंद 23 जून को कबाड़ लेकर दुकान पर आया। रेहड़ी से सामान उतारकर लोहे के पाइप आदि एक बैग में डाले। जब वह उनका कांटे पर वजन करने लगा तो उन पाइप में धमाका हुआ था। इस हादसे में श्रीचंद गंभीर घायल हो गया। बाद उपचार के चौथे दिन श्रीचंद की मौत हो गई थी। सिटी थाना पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ हत्या प्रयास का केस दर्ज किया था।