हिसार। जिले में दिन-प्रतिदिन कोरोना का कहर बढ़ता जा रहा है। पिछले एक माह में लगभग 65 (64.76) प्रतिशत संक्रमित बढ़ गए हैं। 7 अगस्त से कोरोना केस का आंकड़ा 1089 था, जो 8 सितंबर को बढ़कर 3090 हो चुका है। इस हिसाब से आकलन किया जाए तो 25 मार्च से 7 अगस्त तक की अवधि के करीब साढ़े 4 माह की अवधि में जहां जिले में कोरोना के 35.24 प्रतिशत केस आए थे, वहीं एक माह में 64.76 प्रतिशत केस आ गए हैं।
पिछले माह में कोरोना से मौत का आंकड़ा भी 16 है, जबकि जिले में कोविड से मौत का कुल आंकड़ा 25 है। साढ़े चार माह की अवधि में जहां 9 मौत हुई थीं, वहीं इस माह 16 और बढ़कर कुल 25 हो गई। इनमें 60 प्रतिशत युवा, जबकि बाकी अधेड़ और बुजुर्ग शामिल हैं। खास बात यह है कि जिले में कोरोना के कुल केसों में 30 प्रतिशत लोगों में ही लक्षण मिले हैं, जबकि बाकी संक्रमित बिना लक्षणों वाले पाए गए हैं।
अगस्त में मिले थे 1955 केस
अकेले अगस्त माह में 1955 लोग कोरोना की चपेट में आए। एक अगस्त को 21 कोरोना केस मिले थे। 31 जुलाई तक जिले में संक्रमित मरीजों का आंकड़ा एक हजार पर भी नहीं पहुंचा था। यह 977 था, लेकिन अगस्त में 1955 मरीज बढ़े और सितंबर के 8 दिनों में ही 768 संक्रमित बढ़ चुके हैं। ऐसे में इस माह के अंत तक जिले में संक्रमितों का आंकड़ा 5 हजार के पार जा सकता है।
सैंपलिंग अधिक तो बढ़ रहे मरीज
विशेषज्ञों का मानना है कि सैंपलिंग ज्यादा बढ़ने के चलते और संपर्क में आए लोग जांच में अधिक संक्रमित मिल रहे हैं। उस समय स्वास्थ्य विभाग द्वारा ज्यादातर संक्रमित मरीजों को लक्षण न मिलने पर उन्हें होम आइसोलेट रखा जाता था, लेकिन काफी लोगों द्वारा विभाग की छूट का गलत फायदा उठाने के कारण यह सुविधा भी बंद कर दी गई। फिलहाल जिले में संपर्क से कोरोना चेन के जरिये ज्यादा केस मिल रहे हैं। हाल ही में मिर्जापुर रोड स्थित एमजी रिजॉर्ट में हुए शादी समारोह में शामिल करीब 15 लोग कोरोना की चपेट में आ चुके हैं और उनकी चेन अभी भी जारी है।
गंभीर बीमारियों से भी पीड़ित थे मौत वाले मरीज
पिछले एक माह में कोरोना का शिकार हुए 16 संक्रमितों में एक युवा, तीन अधेड़ और अन्य बुजुर्ग शामिल हैं। ये सभी लोग शुगर, बीपी, सांस की बीमारी, किडनी, फेफड़ों की दिक्कत, निमोनिया जैसी अन्य गंभीर बीमारियों से पीड़ित थे। संक्रमित मिलने वालों में से लगभग 60 प्रतिशत युवा हैं, जिनमें छात्र, नौकरी करने वाले शामिल हैं, जबकि बाकी अधेड़ और बुजुर्ग शामिल होते हैं।
दोबारा भी हो सकते हैं संक्रमित
अग्रोहा मेडिकल कॉलेज के सीएमओ डॉ. राजेश चौहान ने बताया कि कोरोना से ठीक होने के बाद कोई भी व्यक्ति एहतियात न बरतने या वायरस के प्रभाव से दोबारा भी संक्रमित हो सकता है। यदि किसी व्यक्ति की पॉजिटिव रिपोर्ट मिलने के बाद दूसरी रिपोर्ट नेगेटिव आती है तो वह खुद को आइसोलेट नहीं रखता है तो उसकी अगली रिपोर्ट पॉजिटिव भी आ सकती है।
बिना लक्षण वाले मरीजों को ही रखा जाता है केयर सेंटर में
अग्रोहा धाम में बने कोविड-19 केयर सेंटर के प्रभारी डॉ. संजीव सामरिया ने बताया कि केयर सेंटर में केवल बिना लक्षण वाले मरीजों को रखा जाता है। फिलहाल केयर सेंटर में 70 कोरोना संक्रमित मरीज दाखिल हैं। कुछ दिन पहले यह आंकड़ा 129 पर भी जा पहुंचा था। कारण है कि यह सभी लोग संक्रमित के संपर्क में आने के बाद कोरोना टेस्ट के दौरान संक्रमित मिले हैं।
लापरवाही बरतने से आ रहे कोरोना की चपेट में
जिले में सैंपलिंग प्रक्रिया बढ़ाई गई है, जिस कारण संक्रमितों की संख्या में इजाफा हो रहा है। शुरुआती दौर में केवल 20 टेस्ट लिए जा रहे थे और अब लगभग 2000 टेस्ट प्रतिदिन लिए जा रहे हैं। केस बढ़ने का दूसरा कारण आवागमन और लोगों का आपस में संपर्क का बढ़ना भी है। ऐसे में ज्यादातर लोग लापरवाही बरत रहे हैं, जिस कारण कोरोना की चपेट में आ रहे हैं।
डॉ. राजेश चौहान, सीएमओ एवं नोडल अधिकारी, अग्रोहा मेडिकल कॉलेज।
पिछले एक माह में जिले में मिले संक्रमित
अगस्त
दिनांक संक्रमित
08 36
09 20
10 23
11 12
12 23
13 20
14 29
16 65
17 29
18 23
19 39
20 44
21 56
22 43
23 96
24 59
25 74
26 139
27 91
28 112
29 76
30 98
31 26
सितंबर
01 138
02 104
03 81
04 55
05 142
06 90
07 74
08 84