हिसार। नौकरी लगवाने और विदेश भेजने के नाम पर युवाओं से 58 लाख रुपये की धोखाधड़ी के मामले में पूर्व पार्षद के भाई राकेश को पुलिस ने शुक्रवार देर रात गिरफ्तार कर लिया। इस संबंध में सिविल लाइन थाना पुलिस ने मिरकां के रवि की शिकायत पर पूर्व पार्षद के बेटे तरुण, भाई राकेश और दिलावर के खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया था।
मिरकां गांव के रहने वाले रवि कुमार ने पुलिस में दी गई शिकायत में बताया था कि 2020 में साकेत कॉलोनी में स्पोर्ट्स एकेडमी की थी। पूर्व पार्षद के बेटे तरुण का वहां आना-जाना था। तरुण ने कहा कि उनकी राजनीति में अच्छी पहचान है। वह युवाओं को विदेश भेजने के साथ नौकरी दिला सकता है। उसकी बातों में आकर आर्यनगर के सुरेश, शिव कुमार और अन्य युवकों ने नौकरी के लिए दिसंबर 2020 और जनवरी 2021 को तरुण को 58 लाख रुपये दे दिए। इस दौरान पूर्व पार्षद का भाई राकेश और दिलावर को गारंटर बनाया गया। रुपये देने के बाद भी नौकरी नहीं लगी तो युवाओं ने रुपये वापस मांगे। इस पर आरोपियों ने रुपये देने से इन्कार कर दिया। वहीं पीड़ित पक्ष के वकील ने बताया कि आरोपियों ने जिला न्यायालय में जमानत के लिए याचिका लगाई थी, जो खारिज हो चुकी है। इस मामले में पुलिस आरोपी राकेश से पूछताछ कर रही है।