हिसार। हांसी शहर की लचर सफाई व्यवस्था पर डीसी अशोक कुमार मीणा ने कड़ा संज्ञान लिया है। उन्होंने नप हांसी के कार्यकारी अधिकारी (ईओ) व सफाई निरीक्षक के वेतन पर तुरंत प्रभाव से रोक लगा दी है। जल्द ही हांसी के एसडीएम शहर के सफाई कर्मचारियों के कार्य का निरीक्षण करके इसकी रिपोर्ट उपायुक्त को देंगे। सफाई व्यवस्था में उल्लेखनीय सुधार न मिलने पर हांसी शहर की सफाई का ठेका किसी अन्य को दिया जा सकता है, जिसका भुगतान नगर परिषद द्वारा किया जाएगा।
डीसी ने बताया कि हांसी शहर की सफाई व्यवस्था के प्रति नगर परिषद के अधिकारियों-कर्मचारियों द्वारा पर्याप्त ध्यान न देने के संबंध में उन्हें एसडीएम के माध्यम से कई बार शिकायतें मिल चुकी हैं। एसडीएम ने अपने स्तर पर अधिकारियों की बैठक में भी नगर परिषद अधिकारियों को शहर की सफाई व्यवस्था को दुरुस्त करने के संबंध में कई बार हिदायतें दीं, लेकिन नगर परिषद की कार्यप्रणाली में कोई सुधार नहीं देखा गया।
इस पर डीसी ने सख्त निर्णय लेते हुए नप के ईओ व सफाई निरीक्षक के वेतन पर तुरंत प्रभाव से रोक लगाने के आदेश जारी किए। उन्होंने कहा कि हांसी के एसडीएम को जल्द ही पुन: नप के सफाई कर्मचारियों द्वारा शहर में की जाने वाली सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करके इसकी रिपोर्ट देने को कहा गया है। यदि उनकी रिपोर्ट में पाया गया कि अब भी सफाई कर्मचारी शहर को साफ-सुथरा रखने के अपने कर्तव्य में लापरवाही बरत रहे हैं तो उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। यदि 15 दिन में सफाई दुरुस्त न हुई तो हरियाणा नगर निकाय अधिनियम 1973 की धारा 248 के तहत कार्रवाई करते हुए और सख्त कार्रवाई अमल में लाई जा सकती है। डीसी द्वारा शहर की सफाई का कार्य किसी अन्य को भी दिया जा सकता है, जिसके खर्च की अदायगी नगर परिषद को करनी होगी।