कैथल में रविवार को हुए हरियाणा गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की चुनाव प्रक्रिया के तहत अधिक ठंड होने के चलते सुबह के समय तो मतदान प्रतिशत कम रहा, लेकिन जैसे ही दोपहर के समय धूप खिली तो यह मतदान प्रतिशत बढ़ गया। बता दें कि सुबह 12 बजे के करीब जिले में औसतन महज 30 प्रतिशत ही मतदान रहा था, लेकिन एक बजे के बाद मतदान प्रतिशत ने अचानक से रफ्तार पकड़ी।
जिले में कांगथली वार्ड नंबर 21 में सबसे अधिक 73.06 प्रतिशत और सबसे कम कैथल वार्ड नंबर 22 में 65.07 प्रतिशत रही। जबकि वार्ड नंबर 20 गुहला में 71.70 प्रतिशत दर्ज किया गया। बता दें कि दोपहर दो बजे के सबसे अधिक सभी वार्डाें 30 से 40 प्रतिशत तक हुई। पहली बार हो रहे कमेटी के चुनाव को लेकर समाज के लोगों में काफी उत्साह था। ठंड के कारण कम संख्या में बुजुर्ग पहुंचे थे। इसी कड़ी में चीका में विवाह की रस्म से पहले पहुंची युवती प्रभजोत ने आनंद कारज से पहले बूथ पर पहुंचकर मतदान किया।
कैथल जिले में हुई इतने प्रतिशत वोटिंग
वार्ड नंबर 20 गुहला 71.70 प्रतिशत
वार्ड नंबर 21 कांगथली 73.06 प्रतिशत
वार्ड नंबर 22 कैथल 65.07 प्रतिशत
कुरुक्षेत्र में वार्ड 15, थानेसर से हरमनप्रीत सिंह ने भारी मतों से जीत दर्ज की। कुल 9655 मतदाताओं में से 6681 (69.20%) ने मतदान किया। हरमनप्रीत सिंह ने 4232 वोट हासिल कर अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी भूपेंद्र सिंह को 2672 वोटों के अंतर से पराजित किया। भूपेंद्र सिंह को 879 वोट मिले, जबकि वर्तमान अड हॉक कमिटी की सदस्य रविंद्र कौर अजराना को सिर्फ 1560 वोट ही मिल सके। नोटा विकल्प को 10 मतदाताओं ने चुना। कुरुक्षेत्र के वार्ड नंबर 11 पिहोवा से कुलदीप सिंह मुलतानी झींडा ग्रुप से जीते हैं।
फतेहाबाद वार्ड 27 में कर्मजीत सालमखेड़ा की बड़ी जीत
फतेहाबाद के वार्ड 27 से कर्मजीत सालमखेड़ा ने 4013 वोटों के अंतर से शानदार जीत दर्ज की। शिरोमणि अकाली दल आजाद के उम्मीदवार महेंद्र सिंह वधवा को मात्र 256 वोट मिले।
एसजीपीसी अमृतसर से जुदा प्रदेश की अपनी कमेटी के लिए जिस धरा कुरुक्षेत्र से महाभारत शुरू हुई उसी से फिर एक बड़ा संदेश निकला है। यहां बनाए गए पांच वार्डों में से इस महाभारत के सारथी रहे जगदीश सिंह झींडा ग्रुप व दीदार सिंह नलवी को जीत मिली है। हालांकि लाडवा के वार्ड नंबर 14 से एसजीपीसी समर्थित हरियाणा सिख पंथक दल की बीबी जसबीर कौर मसाना विजयी रही है लेकिन शाहाबाद के वार्ड नंबर 13 से खुद दीदार सिंह नलवी विजेता रहे हैं। उन्होंने अपने ही गांव नलवी के बेअंत सिंह, जो वर्तमान एडहॉक कमेटी में प्रवक्ता भी है, उन्हें हराया है। वहीं पिहोवा के वार्ड नंबर 11 से झिंडा ग्रुप के कुलदीप सिंह मुल्तानी व वार्ड नंबर 12 मुर्तजापुर से झींडा ग्रुप के ही इंद्रजीत सिंह विजेता रहे हैं।
वर्तमान एडहॉक कमेटी को नहीं मिली तव्वजो
वर्तमान एडहॉक कमेटी को सिख मतदाताओं ने अपनी पहली ही कमेटी से नकार दिया है। इसमें वार्ड नंबर 15 थानेसर से कमेटी की सदस्य बीबी रविंद्र कौर अजराना मैदान में उतरी थी, लेकिन उन्हें आजाद उम्मीदवार हरमनप्रीत सिंह ने 2672 वोटों से हरा दिया। अजराना को महज 1560 वोटें मिली है। वहीं वर्तमान एडहॉक कमेटी के प्रवक्ता बेअंत सिंह नलवी भी वार्ड नंबर 13 शाहाबाद से हार गए हैं। उन्होंने अलग कमेटी के लिए संघर्ष करते रहे दीदार सिंह नलवी ने 211 वोटों से हराया है।
वहीं, सिरसा के वार्ड नंबर 35 हॉट सीट कालांवाली से बाबा बलजीत सिंह दादूवाल 1771 वोटो से चुनाव हार गए हैं, उन्हें गांव कालांवाली निवासी 28 बर्षीय युवा एडवोकेट भाई विन्दर सिंह खालसा ने 1771 वोटों से हराया है। हल्का रानियां 31 से अंग्रेज सिंह जीते और बड़ागुढ़ा से भाई अमृतपाल सिंह जीते हैं।
नारनौल के तेजिंदर पाल सिंह 541 मतो से रहें विजयी
वार्ड नंबर 39 से नारनौल के तेजिंदर पाल सिंह 541 मतों से विजयी रहें। बूथ नंबर 5 पर कुल मत 1253 में से 1058 वोट पोल हुए, मतदान प्रतिशत 84.44 प्रतिशत रहा। बूथ नंबर 5 से तेजिंदर पाल सिंह को 1024 मत, गगगनदीप कौर को 28 मत, हरप्रीत सिंह को 02 और नोटा को 04 मत प्राप्त हुए। बूथ नंबर 5 से तेजिंदर सिंह को एकतरफा मत प्राप्त हुए, वहीं अन्य बूथ से भी तेजिंदर सिंह को अच्छे मत प्राप्त हुए और वह बूथ नंबर 5 से भारी बढ़त बनाते हुए वार्ड नंबर 39 से 541 मतों से विजयी रहें।
हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के चुनावों में छावनी के बूथ नंबर 10 यानी भारतीय पब्लिक स्कूल में एक युवक के मतदान को लेकर हंगामा हो गया। देखते ही देखते मामला इतना बिगड़ गया कि पोलिंग एजेंट और मतदाता के बीच तनातनी हो गई। इसके बाद पुलिस अधिकारियों ने मामले को शांत किया।
हालांकि मामला शांत होने के बाद युवक की वोट डलवाई गई। इसकी वीडियो भी वायरल हुई। मतदाता का कहना था कि वो पटका बांधकर आया था इसलिए एजेंट उसका विरोध करने लगे थे। जब उसने आधार कार्ड दिखाया तो वोट डालने दी गई। युवक का कहना था कि उसकी पहले ही दाढ़ी छोटी है। उधर, पोलिंग एजेंटों का कहना था कि कुछ के केश कटे हुए थे और कुछ परना बांधकर पहुंच रहे थे इसलिए उन्होंने ऐसे मतदाताओं को मतदान करने से मना कर दिया और केंद्र से बाहर जाने के लिए कहा था।
हरियाणा गुरुद्वारा सिख प्रबंधक कमेटी के चुनाव में एक तरफ जहां मतदान प्रक्रिया में हिस्सा लेने वाले सिख समाज के लोगों में उत्साह दिखाई दिया। वहीं, दूर के क्षेत्र में बूथ बनाने पर मतदाताओं में जिला प्रशासन के प्रति नाराजगी दिखी। इसके साथ ही कांगथली वार्ड के खरकां में बनाए गए बूथ नंबर में सुबह के समय मतदान के दौरान ईवीएम खराब हो गई। इस दौरान करीब एक घंटे तक मतदान रुका रहा। इसके बाद नई ईवीएम मशीन मंगवाई गई और मतदान दोबारा शुरू हुआ।
चुनाव अधिकारी वकील अहमद एचसीएस ने बताया कि सभी बूथों पर शांति पूर्वक मतदान हुआ है। कहीं पर भी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई है। खरकां में ईवीएम मशीन खराब होने से एक घंटे तक मतदान रुका, लेकिन कुछ समय के बाद फिर से मतदान शुरू करवा दिया। वहीं, मतदान केंद्र दूर बनाने पर मतदाताओं ने आरोप लगा कहा कि प्रशासन ने वोटर की सूची में तीन बार बदलाव किया।
इस कारण मतदाताओं को अपने मतदान केंद्र को ढूंढने में काफी परेशानी झेलनी पड़ी। मतदान केंद्र से एक दिन पहले भी वोटर लिस्ट को बदल दिया। जबकि मतदान के लिए मतदाताओं को घर-घर मतदान पर्ची दे दी थी। जब मतदान के लिए रविवार को लोग बूथों पर पहुंचे तो मतदाता सूची में अपना नाम ढूंढते हुए दिखाई दिए। इस दौरान काफी जद्दोजहद के बाद लोगों को अपना नाम वोटर सूची में मिला और वे मतदान केंद्रों तक पहुंच पाए।