फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

हरियाणा सरकार में अनिल विज नजरअंदाज: कांग्रेस छोड़ चुकी MLA किरण चौधरी और जजपा के बागी विधायक करेंगे ध्वजारोहण

Wed, 14 Aug 2024 10:25 PM IST
अंकेश ठाकुर न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़

सार

स्वतंत्रता दिवस पर अंबाला के भाजपा विधायक अनिल विज को हरियाणा सरकार ने नजरअंदाज किया है। सैनी सरकार ने अनिल विज को ध्वजारोहण के लिए नामित ही नहीं किया है।
विज्ञापन
अनिल विज। - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

हरियाणा सरकार ने स्वतंत्रता दिवस पर ध्वजारोहण के लिए दो महीने पहले कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हुईं विधायक किरण चौधरी और जजपा के दो बागी विधायक रामनिवास सुरजाखेड़ा और जोगी राम सिहाग को नामित किया है। किरण चौधरी लोहारू, रामनिवास नरवाना और जोगी राम बरवाला उपमंडल में ध्वजारोहण करेंगे। हालांकि जजपा के दोनों ही विधायक फिलहाल भाजपा में शामिल नहीं हुए हैं। 

विज्ञापन


वहीं, छह बार के विधायक और मनोहर सरकार में गृह मंत्री रहे अनिल विज को ध्वजारोहण के लिए नामित नहीं किया गया है। सीएम नायब सिंह सैनी कुरुक्षेत्र और राज्यपाल बंडारू दत्तात्रेय यमुनानगर में ध्वजारोहण करेंगे।

13 अगस्त को जारी शासकीय पत्र के अनुसार प्रदेश सरकार के 13 मंत्रीगण, भाजपा के राज्यसभा के तीन सांसद और लोकसभा के एक सांसद धर्मबीर जिला मुख्यालयों पर ध्वजारोहण करेंगे। वहीं, विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र हुड्डा को कैबिनेट मंत्री का दर्जा प्राप्त है, मगर उन्हें किसी जिले में ध्वजारोहण के लिए नामित नहीं किया गया है। 
विज्ञापन


इसी तरह कांग्रेस के सभी सांसदों को किसी भी जिले या उपमंडल में ध्वजारोहण के लिए नामित नहीं किया है। प्रदेश से निर्दलीय राज्यसभा सदस्य कार्तिकेय शर्मा पंचकूला के कालका उपमंडल में ध्वजारोहण करेंगे। भाजपा के तीन लोकसभा सांसद- मनोहर लाल, राव इंद्रजीत सिंह और कृष्ण पाल गुर्जर केंद्र सरकार में मंत्री हैं। वे दिल्ली में स्वतंत्रता दिवस के राष्ट्रीय समारोह में शामिल होंगे।

ध्वजारोहण में राजनीतिक आधार पर भेदभाव नहीं होना चाहिए
हाईकोर्ट के एडवोकेट व चुनाव से संबंधित कानून के जानकार हेमंत कुमार ने बताया कि स्वाधीनता दिवस राष्ट्रीय पर्व है, इसलिए प्रदेश सरकार की ओर से राजनीतिक आधार पर इस दिन भेदभाव या द्वेष नहीं किया जाना चाहिए। प्रदेश के उपमंडल में होने वाले सरकारी समारोह में उस क्षेत्र के विधानसभा हलके से निर्वाचित मौजूदा विधायक भले वह विपक्षी पार्टी का हो, उसे ध्वजारोहण के लिए नामित किया जाना चाहिए।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें