गुड़गांव। टोल हटाओ संघर्ष समिति ने आरोप लगाया है कि राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या आठ के सरहौल और खेड़कीदौला टोल प्लाजा पर टोल कंपनी डीएस कंस्ट्रक्शन जानबूझ कर सादी पर्ची का खेल करती है। समिति ने कंपनी पर लगातार मनमानी करने का आरोप लगाया है।
राष्ट्रीय राजमार्ग स्थित दोनों टोल प्लाजा पर कुछ दिनों से सादी पर्चियां दी जा रही हैं। सोमवार को भी यह क्रम जारी रहा। वाहन चालकों का कहना है कि उन्हें रोजाना सादी पर्चियां दी जा रही हैं। जबकि टोल कं पनी का कहना है कि सादी पर्चियां उस स्थिति में दी जाती हैं जब प्रिंटर खराब हो। ट्रक चालक राकेश और देवदत्त ने बताया कि जब उन्होंने टोलकर्मी से पूछा कि सादी पर्ची क्यों तो जवाब मिला कि प्रिंटर खराब है। जबकि उसी समय कुछ वाहन चालकों को कंप्यूटराइज रसीद दी गई।
टोल हटाओ संघर्ष समिति के संयोजक अतर सिंह संधू ने डीएस कंस्ट्रक्शन पर आरोप लगाया कि यह सब जान-बूझकर किया जा रहा है। इससे टोल कंपनी को फायदा होता है। सादी पर्ची वाहन चालकों को देकर टोल कंपनी अपनी जिम्मेदारी से बच रही है। उन्होंने बताया कि नियम यह है कि जब टोल से लगातार रोजाना छह महीने तक बिना ब्रेक के एक लाख 40 हजार या उससे अधिक वाहन निकलेें तो टोल कंपनी को दूसरे एक्सप्रेसवे का निर्माण करना होगा। इस कारण वह बीच-बीच में सादी पर्ची देकर वाहनों की संख्या कम दिखाने का प्रयास किया जाता है। जबकि यहां से रोजाना करीब तीन लाख वाहन गुजरते हैं।
--------------
प्रिंटर खराब होने के कारण सादी पर्ची दे दी जाती है। वाहनों की संख्या कम दिखाने के सवाल पर उन्होंने कहा कि टोेल पर एबीसी सिस्टम लगा हुआ है, इसलिए वहां से गुजरने वाले वाहनों की संख्या की पूरी गणना हो जाती है।
-सुनील नायक, प्रवक्ता, डीएस कंस्ट्रक्शन