थाना सराय ख्वाजा क्षेत्र के दीपावली एन्क्लेव में बुजुर्ग महिला की गला रेतकर हत्या उसके पौत्र ने ही की थी। पुलिस का दावा है कि आरोपी कर्ज के नीचे दबा हुआ है। कर्ज को उतारने के लिए उसकी निगाहें घर में बने गुप्त लॉकर में रखे जेवरातों व नगदी पर थी। इसलिए उसने यह कदम उठाया था।
उल्लेखनीय है कि 20 नवंबर को दीपावली एन्क्लेव में रहने वाली 65 वर्षीय सरस्वती की गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। उसका शव कमरे में बेड पर पड़ा मिला था। इस मामले में मृतका के पुत्र दिनेश गुप्ता ने थाना सराय ख्वाजा पुलिस को बताया था कि घटना के दिन वह दिल्ली व छोटा भाई हरिओम अपने-अपने काम पर चले गए थे। उसकी मां सरस्वती, पत्नी सुमन व बेटा कर्ण घर पर थे। दोपहर को सुमन व कर्ण गैस बुक करवाने के लिए चले गए। कुछ देर बाद हरिओम काम से लौट कर आया तो उसके होश उड़ गए।
उसकी मां सरस्वती मृत हालत में पड़ी हुई थी। पुलिस छानबीन के दौरान पता लगा कि मृतका का बेटा दिनेश अफ्रीका में रहकर आया था। दिनेश ने घर मेें एक गुप्त लॉकर बनाया हुआ था, जिसमें वह जेवरात व नगदी रखता था। इस लॉकर की जानकारी दिनेश के भतीजे और सरस्वती के पोते विकास गुुप्ता को भी थी। जांच में पता चला कि लॉकर में रखे जेवरात व अन्य सामान गायब हैं, जिसके बाद पुलिस को वारदात में किसी जानकार के होने का शक गहरा गया था। पुलिस ने परिवार के सभी सदस्यों पर नजर रखना शुरू किया।
पुलिस ने रविवार को विकास से पूूछताछ की। नवीन नगर चौकी प्रभारी राजवीर ने बताया कि दीपक गुप्ता ने पूछताछ में अपनी दादी की हत्या करना स्वीकार किया है। दीपक से लॉकर से निकाली गए जेवरात व नगदी बरामद करने के लिए उसे सोमवार को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने का प्रयास किया जाएगा।