हरियाणा के जिला जींद के गांव भिड़ताना स्थित राजकीय उच्च विद्यालय में आठ में से सात अध्यापकों की नियुक्ति होने पर ग्रामीणों ने मंगलवार को स्कूल पर जड़ा ताला खोल दिया।
स्कूल पहुंचे जिला प्राथमिक शिक्षा अधिकारी को ग्रामीणों ने खूब खरी-खोटी सुनाई। हालांकि, बाद में ग्रामीण ताला खोलने पर सहमत हो गए।
सोमवार को स्कूल पर तालाबंदी कर ग्रामीणों ने ऐलान किया था कि वे तब तक स्कूल का ताला नहीं खोलेंगे, जब तक स्कूल में अध्यापकों की नियुक्ति नहीं होगी।
शिक्षा विभाग ने सोमवार को ही इस बाबत प्रयास करने शुरू कर दिए थे। सोमवार दोपहर बाद ही खंड शिक्षा अधिकारी निशा शर्मा ने एक अध्यापक की नियुक्ति करवा दी थी।
एक अध्यापक की नियुक्ति होने के बाद अध्यापकों की संख्या बढ़कर चार हो गई थी, लेकिन स्कूल में अध्यापकों के स्वीकृत पद आठ हैं। मंगलवार को तीन और अध्यापकों की नियुक्ति स्कूल में कर दी गई।
मंगलवार सुबह नौ बजे जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी दिलबाग सिंह मलिक स्कूल का ताला खुलवाने के लिए गांव भिड़ताना पहुंचे तो ग्रामीणों ने नारेबाजी शुरू कर दी।
ग्रामीण इस बात पर अड़े रहे कि स्कूल का ताला तभी खुलेगा, जब स्वीकृत पदों पर अध्यापकों की नियुक्ति की जाएगी। जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी के तीन और अध्यापकों की नियुक्ति के आदेश पर ग्रामीणों ने स्कूल का ताला खोल दिया।
खंड शिक्षा अधिकारी पिल्लूखेड़ा निशा शर्मा ने बताया कि स्कूल में चार और अध्यापकों की नियुक्ति कर दी गई है। एक अध्यापक की नियुक्ति बाद में करने का प्रयास किया जाएगा।