हरियाणा के जिला फतेहाबाद में ओलंपिक कांस्य पदक विजेता मुक्केबाज विजेंदर सिंह ने कहा कि हर आदमी के लिए हालात बदलते रहते हैं।
कभी अच्छा वक्त आता है तो कभी बुरे वक्त का सामना भी करना पड़ता है, लेकिन जो इंसान इसका सामना हंसते हुए करने में सक्षम है, वही अपने लक्ष्य की तरफ बढ़ने का जज्बा रखता है।
उन्होंने यह बात ऑल इंडिया बॉक्सिंग एसोसिएशन के उपाध्यक्ष भूपेन्द्र कसंवा के पुत्र वीरेंद्र सिंह के विवाह समारोह में शिरकत करने के दौरान विभिन्न खेल संघ पदाधिकारियों से बातचीत करते हुए कही।
उन्हाेंने कहा कि जब वे बॉक्सिंग रिंग में उतरते हैं, उनका एकमात्र लक्ष्य खिताबी जीत तक पहुंचकर देश का नाम रोशन करना रहता है।
हालांकि, कभी कभार नतीजे इच्छा के अनुरूप नहीं रहते, लेकिन उनके बुलंद हौसलों ने कभी आत्मविश्वास को डगमगाने नहीं दिया।
उन्होंने कहा कि 2016 का रियो ओलंपिक अभी बहुत दूर है, लेकिन उससे पहले जितनी भी मुक्केबाजी प्रतियोगिताएं राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हो रही हैं, वे हर मुक्केबाज के लिए उस ओलंपिक तक पहुंचने का रास्ता तैयार जरूर करेंगी।
बीते दिनों कजाकिस्तान में विश्व बॉक्सिंग चैंपियनशिप में अच्छे खेल प्रदर्शन का श्रेय उन्होंने अपने प्रशिक्षकों को दिया।
भारतीय ओलंपिक संघ के हालात पर विजेंदर सिंह ने कहा कि इस तरह की समस्याओं का समाधान जल्द होना चाहिए ताकि खिलाड़ी बिना किसी मानसिक तनाव के अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए तैयारी कर सके। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही भारतीय ओलंपिक संघ को आईओए से मान्यता मिलेगी।
उन्होंने युवाओं का आह्वान किया कि यदि उनमें किसी भी प्रकार के खेल में कुछ अच्छा करने की प्रतिभा है, तो वे उसे अपनी पहचान बनाने का जुनून बनाएं।
विजेंदर सिंह ने बॉक्सिंग एसोसिएशन पंजाब के प्रदेशाध्यक्ष हरपाल जुनेजा, हरियाणा प्रदेशाध्यक्ष पप्पू लांबा, हरियाणा ओलंपिक संघ कोषाध्यक्ष कृष्ण गोदारा, बॉक्सिंग एसोसिएशन जिलाध्यक्ष प्रमोद बजाज, कबड्डी एसोसिएशन जिला प्रधान बलदेव कसंवा आदि से खेल से जुड़े विभिन्न मुद्दों और उनके समाधान के बारे में भी चर्चा की।