फतेहाबाद। नियम ताक पर रखकर गलत तरीके से अपनी पत्नी के नाम रजिस्ट्री करवाने के आरोपों से घिरे रतिया के एसडीएम भारत भूषण कौशिक पर शिकंजा कसने की कार्रवाई शुरू हो गई है। नए डीसी प्रदीप कुमार ने डीआरओ और संबंधित विभाग से एसडीएम के खिलाफ लगे आरोपों से संबंधित शिकायत और विवादित रजिस्ट्री की पूरी रिपोर्ट की फाइल नोटिंग के साथ सोमवार तक टेबल पर लाने के निर्देश दिए हैं।
गौरतलब है कि जीरकपुर निवासी अमृतपाल ने डीसी व एसपी को शिकायत देकर आरोप लगाए थे कि रतिया में फतेहाबाद रोड पर गैरमुमकिन क्षेत्र में कारखाना है, जिस पर हम 28 वर्षों से काबिज है। फैमिली सेटलमेंट में यह कारखाना उनके हिस्से में आया था, मगर कारखाने का एक हिस्सा जमाबंदी में कांता देवी के नाम था। रतिया के एसडीएम ने अपने पद का गलत इस्तेमाल कर व एक बर्खास्त पुलिस कर्मचारी ने अपना प्रभाव दिखाते हुए 29 अक्तूबर को कांता देवी से अपनी पत्नियों के नाम रजिस्ट्री करवा ली। उक्त रजिस्ट्री नंबर 10429 में कारखाने की जगह को काश्त की जमीन दिखाया गया है। कारखाना नगरपालिका क्षेत्र में था, लेकिन नगरपालिका से एनओसी लिए बगैर रजिस्ट्री करवा दी। अमृतपाल का आरोप है कि जमीन की मार्केट वैल्यू चार लाख रुपये प्रति मरला है, जबकि रजिस्ट्री चार हजार रुपये प्रति मरला हुई है।
विवादित रजिस्ट्री में करीब 5 से 6 लाख रुपये की स्टांप ड्यूटी हुई चोरी इस रजिस्ट्री में अभी तक की जांच में करीब 5 से 6 लाख रुपये की स्टांप ड्यूटी चोरी करने का आंकलन संबंधित विभाग के अधिकारियों ने किया है। इस बारे में भी डीसी को बताया गया है।
कोर्ट ने 24 दिसंबर तक बढ़ाया स्टे
इस मामले को लेकर प्रशासनिक स्तर पर जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो शिकायतकर्ता अमृतपाल पूरे मामले को कोर्ट में ले गए। रतिया कोर्ट ने शिकायतकर्ता को कब्जे के रूप में राहत देते हुए दूसरे पक्ष को विवादित जगह पर जाने से रोकने और शिकायतकर्ता के पास ही कब्जा रहने को लेकर 10 दिसंबर तक स्टे दे दिया। शिकायकर्ता अमृतपाल के अनुसार शुक्रवार 10 दिसंबर को मामले में सुनवाई होनी थी, लेकिन जज के छुट्टी पर होने से मामले में अब 24 दिसंबर की तारीख लगी है।
शिकायतकर्ता ने निष्पक्ष जांच के लिए एसडीएम को पद से हटाने की मांग
शिकायतकर्ता ने विवादित रजिस्ट्री के मामले में एसडीएम रतिया को पद से हटाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि एसडीएम ने यहां अपने पद पर रहते हुए संबंधित विभाग के कर्मचरियों पर अपना प्रभाव दिखाकर नियमों को ताक पर रखकर रजिस्ट्री करवा ली। इस मामले की शिकायत पर जांच निष्पक्ष हो, इसलिए एसडीएम को पद से हटाना चाहिए।
एसडीएम की पत्नी के नाम हुई रजिस्ट्री के मामले में शिकायतकर्ता से बात हुई है। शिकायतकर्ता से पूरे मामले पर विस्तार से जानकारी लेकर संबंधित विभाग के अधिकारियों से रिपोर्ट तलब की गई है। मैंने कुछ दिन पहले ही ज्वाइन किया है। शुक्रवार को ही ऐसे मामले देखने का समय मिला। शिकायत पर जिन अधिकारियों ने जांच की है, उनसे जो जानकारी मिली है, उसके तहत रजिस्ट्री में गड़बड़ियां मिली हैं। मैंने पूरी फाइल अधिकारियों से मंगवाई है। फाइल में डीआरओ और अन्य अधिकारियों की ओर से जो नोटिंग दर्ज होगी, उसके अनुसार कार्रवाई होगी।
-प्रदीप कुमार, डीसी, फतेहाबाद