फतेहाबाद के नागरिक अस्पताल में लगाया जा रहा बूस्टर प्लांट संवाद
फतेहाबाद। जिला मुख्यालय का नागरिक अस्पताल ऑक्सीजन के मामले में आत्मनिर्भर बनने जा रहा है। प्लांट लगने के बाद सीधी सप्लाई शुरू होने के साथ-साथ अब इमरजेंसी में भी प्लांट से ही सिलिंडर रिफिल होंगे। स्वास्थ्य विभाग अस्पताल परिसर में बूस्टर प्लांट और ऑक्सीजन सिलिंडर रिफिलिंग मशीनें स्थापित कर रहा है।
इसके बाद अस्पताल को ऑक्सीजन सिलिंडर रिफिल कराने के लिए दूसरे जिलों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा और जरूरत पड़ने पर अस्पताल परिसर में ही सिलिंडरों की रिफिलिंग की जा सकेगी। अस्पताल में 500 एलपीएम का प्लांट कोरोना महामारी के दौरान लगाया गया था। हालांकि अभी करीब डेढ़ साल से अस्पताल में मरम्मत कार्य के चलते इसे बंद किया गया है।
प्लांट के बंद होने के चलते ऑक्सीजन सिलिंडरों का सहारा लेना पड़ रहा है। ऐसे समय में अस्पताल में प्रतिदिन करीब 50 सिलिंडरों की खपत हो जाती है। इन सिलिंडरों को रिफिल कराने के लिए स्वास्थ्य विभाग को हिसार या सिरसा भेजना पड़ता है जिससे समय और संसाधनों दोनों पर अतिरिक्त बोझ पड़ता है।
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार प्रस्तावित बूस्टर प्लांट और रिफिलिंग यूनिट स्थापित होने के बाद अस्पताल परिसर में ही ऑक्सीजन को उच्च दबाव में सिलिंडरों में भरा जा सकेगा। इससे आपातकालीन परिस्थितियों में ऑक्सीजन की उपलब्धता सुनिश्चित होगी और रिफिलिंग प्रक्रिया में लगने वाला समय भी बचेगा।
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जिले में लगाए गए है तीन प्लांट
कोरोना महामारी के दौरान ऑक्सीजन की बढ़ी मांग को देखते हुए जिले के फतेहाबाद, रतिया और टोहाना के सरकारी अस्पतालों में ऑक्सीजन प्लांट स्थापित किए गए थे। सिविल सर्जन डॉ. बुधराम का कहना है कि नई व्यवस्था लागू होने के बाद नागरिक अस्पताल ऑक्सीजन प्रबंधन के मामले में काफी हद तक आत्मनिर्भर हो जाएगा। इससे मरीजों को निर्बाध ऑक्सीजन उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी और किसी भी आपदा या स्वास्थ्य आपातकाल के दौरान अस्पताल की तैयारियां पहले से अधिक मजबूत होंगी।