फतेहाबाद। प्रदेशभर में लिंगानुपात के मामले में एक बार फिर फतेहाबाद ने शानदार उपलब्धि हासिल की है। लिंगानुपात में फतेहाबाद जिला प्रदेश में तीसरे स्थान पर रहा है। इस बार जिले में लिंगानुपात 940 हो गया है। अब जिले में एक हजार लड़कों के मुकाबले 940 लड़कियां जन्मी हैं।
वहीं, 944 के आंकड़े के साथ पहले स्थान पर यमुनानगर और 942 लिंगानुपात के साथ सिरसा दूसरे स्थान पर है। स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में इस साल अक्तूबर में कुल 12,422 बच्चों का जन्म हुआ है। इनमें से 6,404 लड़के और 6,018 लड़कियों का जन्म हुआ है। प्रदेश का औसत लिंगानुपात 905 है।
साल 2022 में जिले में सबसे ज्यादा था लिंगानुपात
जिले का सबसे अधिक लिंगानुपात साल 2022 में 950 दर्ज किया गया था। उस समय की विशेष उपलब्धि के कारण करनाल में हुए कार्यक्रम में तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने जिला उपायुक्त को पांच लाख रुपये की राशि देकर सम्मानित किया था। वहीं, 1000 लड़कों पर साल 2021 में केवल 899 और 2023 में 934 लड़कियां जन्मीं। साल 2021 में लिंगानुपात कम रहने के बाद स्वास्थ्य विभाग से लेकर महिला एवं बाल विकास विभाग तक सभी ने जागरूकता अभियान को तेज किया। इसके तहत गांव-गांव जाकर लोगों में जागरूकता बढ़ाई गई।
जिले का लिंगानुपात
साल
लिंगानुपात
2024
940
2023
934
2022
950
2021
899
2020
939
लिंगानुपात में बढ़ोतरी के लिए सरकार ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, गोद भराई योजना, प्रधानमंत्री मातृत्व योजना, आपकी बेटी हमारी बेटी और समाज कल्याण विभाग की लाडली पेंशन योजना लागू की है। इनसे लोगों में जागरूकता आई है। आपकी बेटी-हमारी बेटी योजना के तहत अनुसूचित जाति और बीपीएल परिवार को पहली बेटी के जन्म पर और सामान्य एवं पिछड़ा वर्ग की जातियों को दूसरी, तीसरी बेटी के जन्म पर 21,000 रुपये दिए जा रहे हैं।
- आशीष कुमार, जिला समन्वयक अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग फतेहाबाद।