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Fatehabad News: शिक्षकों की मांग, विद्यार्थियों ने किया प्रदर्शन, बोले- पढ़ाई हो रही प्रभावित

Fri, 22 Aug 2025 11:29 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
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राजकीय महाविद्यालय डाइट मताना टीचरों की नियूक्ति के लिए प्रदर्शन करते छात्र। संवाद
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फतेहाबाद। गांव मताना के डाइट में संचालित राजकीय महाविद्यालय में टीचिंग व नॉन टीचिंग स्टाफ की कमी होने को लेकर शुक्रवार को विद्यार्थियों ने प्रदर्शन किया। विद्यार्थियों ने बताया की महाविद्यालय में सात विषयों के अध्यापक नहीं हैं। इसके अलावा पेयजल व खेल मैदान की उचित व्यवस्था नहीं है। ऐसे में महाविद्यालय में पढ़ाई करना चुनौती साबित हो रहा है।
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विद्यार्थियों ने कार्यकारी प्रिंसिपल जयभगवान को जिला उपायुक्त मनदीप कौर के नाम ज्ञापन सौंपा। बता दें कि राजकीय महाविद्यालय का अपना भवन नहीं होने के चलते नए सेशन के साथ ही विद्यार्थियों को महिला महाविद्यालय भोडिया खेड़ा से डाइट मताना के भवन में कक्षाएं लगाने के लिए भेज दिया गया।
वर्तमान में महाविद्यालय में 170 छात्र-छात्राओं के दाखिले हैं, लेकिन इनको पढ़ाने के लिए इतिहास, राजनीतिक विज्ञान, पंजाबी, मनोविज्ञान, कंप्यूटर साइंस, अर्थशास्त्र और फिजिकल एजूकेशन के लिए टीचर नहीं हैं। ऐसे में इन विषयों के विद्यार्थियों के पढ़ाई प्रभावित हो रही है। विद्यार्थियों ने इसके लिए उच्चतर शिक्षा निदेशालय से अध्यापकों की शीघ्र नियुक्ति की मांग की है।
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महाविद्यालय में चपरासी का पद भी खाली
राजकीय महाविद्यालय मताना में प्रशासन ने कक्षाएं तो शुरू कर दी हैं लेकिन स्वीपर, कलर्क, चपरासी, अटैंडेट, सहायक और लाइब्रेरियन के पद पर एक भी कर्मचारी की नियुक्ति नहीं है। इससे महाविद्यालय में अव्यवस्था बन रही हैं और सफाई का काम समय पर नहीं हो पा रहा है। वहीं टीचरों की नियुक्ति के लिए पद सेंक्सन नहीं हैं।
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- महाविद्यालय में अध्यापकों की कमी होने से उनकी पढ़ाई बाधित हो रही है। वे सेल्फ स्टडी करके परीक्षा दे रहे हैं। अध्यापक के न होने से उनको विषय का सही से ज्ञान नहीं हो पाता। प्रशासन को जल्द से जल्द महाविद्यालय में टीचिंग व नॉन टीचिंग स्टाफ की नियुक्ति करनी चाहिए।
-रामदयाल, छात्र।
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कॉलेज में टीचिंग स्टाफ की कमी के साथ-साथ सफाई व पेयजल व्यवस्था भी नहीं है। खेल मैदान में जंगली झाड़ियां उगी हुई हैं। इससे विद्यार्थियों को न पढ़ाई से हो पा रही है और न ही उनको महाविद्यालय में पढ़ाई के अनुकूल उचित व्यवस्था मिल पा रही है।
-विजय प्रताप, छात्र।
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मेरे पास इतिहास और राजनीतिक विज्ञान विषय है। इन विषयों के टीचर महाविद्यालय में है ही नहीं। ऐसे में अगर मुझे कोई टॉपिक समझना है तो किस से पता करूं इस बारे में कोई व्यवस्था नहीं है। प्रदेश सरकार को जल्द से जल्द टीचरों की कमी को पूरी करना चाहिए।
-परमजीत, छात्रा।
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प्रदेश सरकार की ओर पढ़ाई को बढ़ावा देने की घोषणा की जाती है लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और है। जिले में महाविद्यालय की घोषणा तो कर दी लेकिन सुविधाएं उपलब्ध नहीं करवाई गई। महाविद्यालय में शिक्षको की नियुक्ति नहीं की गई है इससे पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
-ममता, छात्रा।

:: महाविद्यालय में खाली पड़े सभी प्रकार के पदों के लिए उच्चतर शिक्षा निदेशालय को कई बार पत्र लिखा जा चुका है। अभी वहां से किसी भी प्रकार की पोस्ट सेंक्शन नहीं हुई है। फिलहाल प्रतिनियुक्ति पर आए स्टाफ के सहारे महाविद्यालय में व्यवस्था बनाई जा रही है।
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-जयभगवान, कार्यकारी प्रिंसिपल, राजकीय महाविद्यालय, फतेहाबाद।
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