फतेहाबाद। शहर में पानी निकासी को लेकर प्रशासन कितना गंभीर है इसको लेकर अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अभी सीवरेज पाइप लाइनों की सफाई नहीं हुई है। जनस्वाथ्य विभाग अभी तक एजेंसी को ठेका आवंटित ही नहीं कर पाया है। मंगलवार को एजेंसी को ठेका आवंटित होना था लेकिन एक्सईन न होने से प्रक्रिया पूरी नहीं हो पाई। बुधवार को ठेका आवंटित होने की उम्मीद है। एजेंसी इसके बाद ही शहर के सीवरेज मैनहोल बनाने, सफाई का काम करेगी। विभाग ने इसके लिए 43 लाख रुपये का एस्टीमेट बनाया था।
सीवरेज पाइप लाइनों की सफाई न होने से फिलहाल हालात ये हैं कि बारिश के पानी की निकासी समय पर नहीं हो पा रही है। करीब 60 फीसदी पानी की निकासी एसटीपी में होती है। जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा अलग से पाइप लाइन नहीं है और सीवरेज पाइप लाइन के जरिए ही निकासी हो रही है। शहर में सीवरेज के टूटे मैनहोल की भी मरम्मत होनी है। लेकिन मानसून से पहले इनकी भी मरम्मत नहीं हुई है। इसको भी जनस्वास्थ्य विभाग ने टेंडर में शामिल कर रखा है।
रंगोई नाले में होती है 40 फीसदी क्षेत्र के पानी की निकासी
जनस्वास्थ्य विभाग द्वारा 40 फीसदी क्षेत्र के पानी की रंगोई नाले में निकासी की जाती है। इसको लेकर चिल्ली क्षेत्र में डिस्पोजल टैंक बनाया गया है। यहां से पाइप के जरिए रंगोई नाले में पानी की निकासी की जाती है। हालांकि ये पाइप लाइन भी कई जगह से लीकेज हो चुकी है और इस वजह से कई खेतों में जलभराव हो चुका है। इसको लेकर फिलहाल विवाद चल रहा है।
काेट
पाइप लाइनों में ब्लॉकेज की समस्या नहीं है। ठेका अलॉट की प्रक्रिया बुधवार को पूरी कर ली जाएगी। रूटीन में पाइपों की सफाई होती रहेगी।
-सतपाल रोज, एसडीओ, जनस्वास्थ्य विभाग