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Fatehabad News: शहर की नई कॉलोनियों के सात हजार घरों को मिलेगी प्रॉपर्टी आईडी, वर्क ऑर्डर जारी

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फतेहाबाद। नगर परिषद की सीमा बढ़ने के बाद शामिल हुई नई कॉलोनियों के करीब सात हजार घरों को जल्द प्रॉपर्टी आईडी मिलने जा रही है। नगर परिषद ने गाजियाबाद की एजेंसी को सर्वे के लिए वर्क ऑर्डर जारी कर दिया है। एजेंसी 125 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से सर्वे करेगी। पहले एजेंसी ने सात रुपये रेट कम किया था लेकिन जीएसटी अलग से मांगा था लेकिन अब जीएसटी भी बीच में शामिल किया गया है। इसी माह एजेंसी सर्वे का काम शुरू कर सकती है। एजेंसी को सर्वे करके बाद प्री असेसमेंट बिल बांटने होंगे और एक माह के अंदर इनकी आपत्तियां भी दूर करनी होंगी।
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नगर परिषद ने गाजियाबाद की मैसर्ज जीआईएस सोल्यूशन एवं टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड को वर्क ऑर्डर दिया है। एजेंसी के कर्मचारी शहर की बढ़ी सीमा में शामिल हुए हंस कॉलोनी, स्वामी नगर, हरनाम सिंह कॉलोनी, आदर्श कॉलोनी, कालीदास कॉलोनी, आजाद नगर, हिसार रोड आदि क्षेत्र का सर्वे करेंगे। सर्वे के दौरान एप पर संबंधित प्रॉपर्टी मालिक का नाम, एरिया, मोबाइल नंबर, रिहायशी और कमर्शियल आदि डाटा दर्ज करेंगे। इसके अलावा संबंधित प्रॉपर्टी की फोटो भी ली जाएगी। एजेंसी के कर्मचारी डोर टू डोर बिल देंगे और आपत्तियां लेंगे। एजेंसी को एक माह में आपत्तियां ठीक करनी होगी।

सर्वे के दौरान 80 फीसदी और फाइनल डाटा देने के बाद होगा बाकी भुगतान
नगर परिषद एजेंसी को वार्ड स्तर पर पेमेंट का भुगतान करेगा। एक वार्ड में सर्वे का काम पूरा होने के बाद 80 फीसदी भुगतान होगा। इसके बाद बाकी 20 फीसदी राशि का भुगतान फाइनल डाटा देने के बाद किया जाएगा।
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याशी कंपनी ने किया था सर्वे, हो चुका है रद्द
नगर परिषद की बढ़ी सीमा में करीब डेढ़ साल पहले याशी कंपनी ने डोर टू डोर सर्वे किया था। लेकिन सर्वे में प्रदेश स्तर पर गड़बड़ियां मिलने के बाद याशी कंपनी के सर्वे को रद्द कर दिया गया था। इसके बाद नगर परिषद ने टेंडर लगाया था। सर्वे के लिए एजेंसी तैयार हुई थी लेकिन कॉलोनियां अवैध होने के कारण मंजूरी नहीं मिली थी।

दोगुना देना होगा विकास शुल्क
नगर परिषद सीमा में 13 कॉलोनियां वैध हो चुकी है। जिसमें नगर परिषद सीमा में शामिल हुई कॉलोनियां भी शामिल है। इन कॉलोनियों के प्रॉपर्टी मालिकों को कलेक्टर रेट का 5 फीसदी या फिर 240 रुपये प्रति स्क्वायर मीटर के हिसाब से विकास शुल्क देना होगा।
कोट
शहर की बढ़ी हुई सीमा में प्रॉपर्टी आईडी सर्वे जल्द शुरू होने जा रहा है। प्रॉपर्टी मालिकों को आईडी जारी होगी। यहां मकान-प्लॉट की बंद रजिस्ट्रियां नियम अनुसार एक बार फिर से शुरू हो पाएंगी।
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- राजेंद्र सिंह खिंची, प्रधान, नगर परिषद
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