फतेहाबाद। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड से संबद्ध स्कूलों में कक्षा 10वीं और 12वीं की प्री-बोर्ड परीक्षाएं 2 फरवरी को संपन्न हो जाएंगी। शिक्षा विभाग ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्राचार्यों को निर्देश दिए हैं कि परीक्षाएं समाप्त होने के बाद अधिकतम पांच कार्यदिवस के भीतर परिणाम घोषित किए जाएं। विभाग का उद्देश्य बोर्ड परीक्षाओं से पहले विद्यार्थियों की तैयारी का वास्तविक आकलन करना और कमजोर बच्चों पर विशेष फोकस करना है।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार प्री-बोर्ड परीक्षाएं विद्यार्थियों के लिए अभ्यास परीक्षा के रूप में आयोजित की जाती हैं, ताकि वे बोर्ड परीक्षा के पैटर्न, समय प्रबंधन और प्रश्नों के स्तर से परिचित हो सकें। इस बार विभाग ने मूल्यांकन प्रक्रिया को भी अधिक गंभीरता से लेने के निर्देश दिए हैं। उत्तर पुस्तिकाओं की जांच पारदर्शी और समयबद्ध तरीके से करने के लिए विषय अध्यापकों की जिम्मेदारी तय की गई है।
जारी होने वाले परिणामों के आधार पर उन विद्यार्थियों की पहचान की जाएगी, जो किसी एक या अधिक विषयों में कमजोर पाए जाएंगे। ऐसे विद्यार्थियों के लिए स्कूल स्तर पर विशेष तैयारी करवाने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। विभाग ने कहा है कि कमजोर छात्रों के लिए अतिरिक्त कक्षाएं, रीमेडियल क्लास, डाउट सेशन और अभ्यास टेस्ट आयोजित किए जाएं।
जरूरत पड़ने पर व्यक्तिगत मार्गदर्शन और अभिभावकों से संवाद भी किया जाएगा। शिक्षा अधिकारियों का मानना है कि प्री-बोर्ड के बाद की गई लक्षित तैयारी से बोर्ड परीक्षा के परिणामों में सुधार आएगा। उल्लेखनीय है कि हरियाणा बोर्ड की मुख्य परीक्षाएं फरवरी-मार्च में प्रस्तावित हैं। ऐसे में प्री-बोर्ड परीक्षाओं के बाद की यह तैयारी विद्यार्थियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। शिक्षा विभाग को उम्मीद है कि इन निर्देशों के प्रभावी क्रियान्वयन से इस वर्ष बोर्ड परीक्षा के नतीजे बेहतर रहेंगे।