फतेहाबाद। जिले में जमीन की खरीद-फरोख्त के बाद मालिकाना हक दर्ज करने की प्रक्रिया पिछले 14 दिन से प्रभावित है। तकनीकी खामी के कारण ऑनलाइन म्यूटेशन (इंतकाल) पोर्टल सुचारु रूप से काम नहीं कर रहा। इससे नई एंट्री और वेरिफिकेशन (सत्यापन) दोनों प्रभावित हुए हैंराजस्व विभाग के पोर्टल के अनुसार जिले में 3,543 इंतकाल लंबित हैं।
जिले में कुल सात तहसील है। जिले के आंकड़ों के अनुसार फतेहाबाद तहसील में 1,125 में, रतिया में 826, भूना में 449, टोहाना में 407, भट्टूकलां में 330, कुलां में 244 व जाखल में 162 इंतकाल लंबित हैं। जिले में कुल 2,83,640 इंतकालों में से 2,36,140 का निपटारा हो चुका है जबकि 42,483 मामले सिस्टम में इनकॉर्पोरेट हैं। कर्मचारियों का कहना है कि समस्या की जड़ पोर्टल बना हुआ है। पोर्टल की ओर से सीक्वेंस नंबर की तकनीकी खामी है। पिछले क्रमांक का सही अपडेट नहीं होने से अगला इंतकाल दर्ज या सत्यापित नहीं हो पा रहा। इसी कारण पटवारी और कानूनगो चाहकर भी लंबित मामलों का निस्तारण नहीं कर पा रहे हैं।
-
तहसील कुल म्यूटेशन पूर्ण समाविष्ट लंबित एंट्री स्तर सत्यापित स्वीकृत अस्वीकृत
भट्टू कलां 36,277 30,159 5,541 330 330 0 0 247
भूना 29,859 24,208 5,073 449 449 0 0 129
फतेहाबाद 78,657 65,624 1,598 1,125 1,124 1 0 310
जाखल 18,850 15,013 3,612 162 162 0 0 63
कुलां 21,067 17,041 3,665 244 206 38 0 117
रतिया 55,525 45,945 8,439 826 825 0 313
टोहाना 43,405 38,150 4,555 407 406 0 1 292
-
पोर्टल पर क्रमांक नंबर ही आ रहा गलत
इस लेटलतीफी और कामकाज ठप होने के पीछे सबसे बड़ा कारण ऑनलाइन पोर्टल में आई तकनीकी गड़बड़ी है। पोर्टल पर म्यूटेशन का सीक्वेंस नंबर ही गलत दिया जा रहा है। पिछला सीक्वेंस सही तरीके से अपडेट न होने तक अगला इंतकाल दर्ज या वेरिफाई कर पाना संभव नहीं होता।
-
फरवरी में प्लॉट की रजिस्ट्री करवाई गई थी लेकिन अब तक इंतकाल दर्ज नहीं हुआ है। इंतकाल दर्ज न होने से पूर्ण मालिकाना हक नहीं मिल पा रहा है।
गगन कुमार, निवासी फतेहाबाद।
पोर्टल फिलहाल ठीक चल रहा है। किसी को दिक्कत आ रही है तो कार्यालय में संपर्क किया जा सकता है। समस्या का समाधान कराया जाएगा।
शाम लाल, जिला राजस्व अधिकारी