90 साल तक या उससे अधिक उम्र वाले बुजुर्गों को पेंशन उनके घर पहुंचाई जाए। ताकि उन्हें किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
यह आदेश जिला एवं सत्र न्यायाधीश एके वर्मा ने दिया है। न्यायाधीश सोमवार को बागवां में बुजुर्गों की समस्याओं को सुन रहे थे। उन्होंने समस्याओं के निवारण के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश भी दिया है। न्यायाधीश एके वर्मा ने कहा कि बुजुर्गों की समस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर निपटाए। बुजुर्ग हमारी धरोहर है। हमें उनका विशेष ध्यान रखना चाहिए।
समय-समय पर उनके स्वास्थ्य आदि की देखभाल भी करवानी चाहिए। न्यायाधीश एके वर्मा ने लाजपत नगर निवासी इंद्रजीत की शिकायत पर सुनवाई करते हुए जिला रेडक्रॉस को कान की मशीनें बदलवाने के निर्देश दिए। इसके अलावा वर्मा ने फकीरचंद का ऑपरेशन करवाने के लिए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए।
बुजुर्ग मक्खन लाल द्वारा परिवार व इलाज के लिए मांगी गई आर्थिक मदद पर उन्होंने कहा कि उनके प्रार्थना पत्र को उपायुक्त को भेजा जाएगा और सरकार की योजनाओं अनुसार मदद दी जाएगी। उन्होंने 92 वर्षीय संपूर्ण सिंह की पेंशन संबंधी समस्या के समाधान के लिए पंजाब नेशनल बैंक व जिला समाज कल्याण अधिकारी को निर्देश दिए और कहा कि मानवता के नाते 90 वर्ष से ऊपर के बुजुर्गों की पेंशन उनके घर तक पहुंचाने की व्यवस्था करें।
उन्होंने शहर में आवारा पशुओं की समस्या से निजात दिलाने के लिए नगर परिषद के ईओ ओपी सिहाग को निर्देश दिए। इस मौके पर मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी सुनील जिंदल, तहसीलदार नवदीप कौर बराड, डीएसडब्ल्यूओ इंद्रा यादव, पटवारी शशि, सुशील चौधरी, बांगवा के प्रोजेक्ट चेयरमैन अनिल अरोड़ा सहित बड़ी संख्या में बुजुर्ग मौजूद थे।