फतेहाबाद। किसान रेस्ट हाउस में नहरबंदी को लेकर बैठक करते हुए किसान संगठन के सदस्य। संवाद
फतेहाबाद। नहरों में एक सप्ताह पानी चलाने और तीन सप्ताह बंद रखने के शेड्यूल से नाराज किसानों ने 3 नवंबर को उपायुक्त कार्यालय का घेराव करने का फैसला लिया है। किसान रेस्ट हाउस में बुधवार को पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति की बैठक में आंदोलन की रणनीति तैयार की गई।
इसके साथ ही आंदोलन से अधिक लोगों को जोड़ने के लिए जनसंपर्क अभियान चलाने पर सहमति बनी। संगठन के सदस्यों ने कहा कि पहले नहरों में तीन सप्ताह पानी आता था और एक सप्ताह बंद रहती थी। बाद में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की बढ़ती मांग का हवाला देकर शेड्यूल दो सप्ताह पानी चलाने का किया गया।
अब सरकार ने एक सप्ताह पानी चलाने और तीन सप्ताह बंद रखने के आदेश दिए हैं। सरसों की बिजाई चल रही है और आगामी दिनों में गेहूं की बिजाई शुरू होनी है। ऐसे में सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी नहीं मिला तो किसानों को परेशानी होगी और फसलों की पैदावार पर भी असर पड़ सकता है।
गांव खेड़ी से शुरू करेंगे जनसंपर्क अभियान
समिति के प्रदेशाध्यक्ष मनदीप नथवान ने बताया कि आंदोलन को व्यापक बनाने के लिए वीरवार को सिरसा जिले के चौपटा खंड के गांव खेड़ी से जनसंपर्क अभियान शुरू किया जाएगा। ग्रामीणों को नहरों के पानी के शेड्यूल और आंदोलन की जानकारी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि इसका असर केवल किसानों पर ही नहीं पड़ेगा बल्कि फतेहाबाद, हिसार और सिरसा जिले में आमजन को पीने के पानी की समस्या भी हो सकती है।