गांव तेलीवाड़ा स्थित राजकीय प्राइमरी स्कूल में गेट के बाहर रोष व्यक्त करते हुए ग्रामीण व अभिभा
- फोटो : बैनर-पट्टिका लेकर प्रो. सुमन के खिलाफ नारेबाजी करते मुस्लिम समाज के महिला-पुरुष।
रतिया। गांव तेलीवाड़ा स्थित राजकीय प्राइमरी स्कूल में 48 विद्यार्थियों की पढ़ाई केवल एक अध्यापक के भरोसे चल रही है। स्कूल में लंबे समय से स्टाफ की कमी बनी हुई है। शनिवार को अभिभावकों ने स्कूल गेट पर एकत्र होकर शिक्षा विभाग के खिलाफ नारेबाजी की और एक सप्ताह में अतिरिक्त अध्यापक नियुक्त न होने पर धरना देने की चेतावनी दी है।
गांववासियों रांझा राम, सुनीता रानी, कुलदीप कौर और वकील सिंह सहित अन्य अभिभावकों ने बताया कि स्कूल में कक्षा पांच तक की पढ़ाई होती है। पिछले दो वर्षों से यहां पर केवल एक शिक्षिका कार्यरत हैं। अभिभावकों के अनुसार जब भी वह किसी विभागीय कार्य या अवकाश पर जाती हैं, तो स्कूल में बच्चों की पढ़ाई और सुरक्षा पूरी तरह ठप हो जाती है।
उन्होंने पहले भी विभाग को स्टाफ की कमी की शिकायत दी थी, जिसके बाद अस्थायी रूप से एक अध्यापक की नियुक्ति हुई थी, लेकिन कुछ ही समय बाद वह भी हटा दिए गए। अब फिर से स्कूल एकमात्र शिक्षिका के सहारे चल रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि एक सप्ताह में स्कूल में अतिरिक्त अध्यापकों की नियुक्ति नहीं की गई, तो वे स्कूल गेट पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू करने को मजबूर होंगे।
स्कूल में अध्यापकों की कमी का मामला उनके संज्ञान में आया है। तीन दिन में ही वहां पर अध्यापकों की नियुक्ति करवाई जाएगी।
-शशि प्रकाश, खंड शिक्षा अधिकारी।