रतिया। शहर में पिछले कुछ दिनों से वायरल बुखार और डेंगू के मामलों में वृद्धि हो रही है। इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग और नगरपालिका ने रोग नियंत्रण के लिए कोई कदम नहीं उठाए हैं। इस कारण शहरवासियों में भारी रोष है। शहरवासी दो विभागों की आपसी खींचतान में पिस रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के निरीक्षक राजेश ने भी माना कि शहर में बुखार और जोड़ों में दर्द के मरीजों की संख्या बढ़ रही है।
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक उनकी सात टीमें शहर में बार-बार जाकर फीवर सर्वे कर रहीं हैं। वह स्लाइड बनाकर मरीज को उचित जानकारी दे रही हैं। सोमवार और मंगलवार को बुखार से पीड़ित करीब 560 मरीजों की जांच की गई है, जिनमें से 60 मरीज के सैंपल लिए गए हैं। उनमें से कोई भी डेंगू और चिकनगुनिया का मरीज नहीं पाया गया है। बुखार से पीड़ित काफी मरीजों को नागरिक अस्पताल में इलाज के लिए भेजा गया है।
नगरपालिका प्रशासन स्वास्थ्य विभाग को फॉगिंग के बारे में कोई जानकारी नहीं दे रहा है। हालांकि, नगरपालिका अधिकारियों का कहना है कि शहर में फॉगिंग करवाई जा चुकी है। स्वास्थ्य विभाग को भी इसके लिए बता दिया गया है। शहरवासियों ने बुखार के मामले बढ़ने पर नगरपालिका और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों समेत उपमंडल प्रशासन,भाजपा नेताओं और कांग्रेस नेताओं को भी कोसा है।
विनोद कुमार, राजेंद्र, सचिन कुमार, मनोज, गुलशन, अमित कुमार, मुकेश आदि शहरवासियों ने शहर में स्वास्थ्य सुविधाएं सुधारने की मांग की है। इसके लिए पूरे शहर में अच्छी तरह से फॉगिंग करवाने की सलाह दी गई है। रतिया शहर में कई जगह लगे गंदगी के ढेर को जल्द हटाकर सफाई व्यवस्था बहाल करवाई जाए ताकि बीमारी को फैलने से रोका जा सके।
फाॅगिंग की जानकारी नहीं दे रहा नगरपालिका प्रशासन: स्वास्थ्य निरीक्षक
नगरपालिका के अधिकारी फॉगिंग का रोस्टर नहीं दे रहे। रोस्टर मिल जाए तो फाॅगिंग की जांच की जा सकती है। कई बार नगरपालिका अधिकारियों को रोस्टर देने और फाॅगिंग की जानकारी देने के बारे में पत्र लिख चुके हैं लेकिन नगरपालिका अधिकारी इस पर कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं। - राजेश श्योकंद, स्वास्थ्य निरीक्षक, स्वास्थ्य विभाग।
नियमित करवाई जा रही है फाॅगिंग: नगर पालिका सचिव
स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के पत्र के बाद रतिया नगरपालिका ले शहर के सभी 17 वार्डों में दो बार फॉगिंग करवाई है। सभी वार्डों में पार्षदों की निगरानी में ही फाॅगिंग करवाई गई है। इसकी बाकायदा वीडियोग्राफी भी करवाई गई है। नगरपालिका के पास एक ही फॉगिंग मशीन है। बीडीपीओ को पत्र भेजकर फाॅगिंग मशीन की मांग की गई है। स्वास्थ्य निरीक्षक के आरोप निराधार हैं। - संदीप कुमार, सचिव, नगर पालिका, रतिया।