अतिरिक्त एवं जिला सत्र न्यायाधीश सुरेंद्र कुमार की अदालत ने 10 साल पहले ढाणी बबनपुर निवासी भीमसिंह की गोली मारकर हत्या कर 22 लाख रुपये लूटने के नौ दोषियों को उम्रकैद व 30-30 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। अदालत द्वारा दोषी ठहराए लोगों में मुजफ्फरनगर निवासी मनोज, विजय, अजमल खान व कालू के अलावा जींद निवासी सुनील, धर्मपाल, धारसूल खुर्द निवासी रमेश, शीशपाल व कैथल निवासी चरणजीत शामिल हैं।
अदालत ने मामले में आरोपी मुजफ्फरनगर निवासी सुरेंद्र, जींद निवासी कृष्ण, धारसूल कलां निवासी नायब सिंह व जीवन और लहरियां निवासी संत लाल को बरी कर दिया है। मामले के मुताबिक 18 जनवरी 2011 को ढाणी लांबा और रंगोई नाले के बीच इंडिका कार सवार लुटेरों ने भीमसिंह की ऑल्टो कार को टक्कर मारकर पहले गड्ढे में गिरा दिया और फिर कार में आगे बैठे भीमसिंह को गोली मारकर 22 लाख की नकदी से भरा बैग लूटकर फरार हो गए थे। भीमसिंह और धारसूल कलां के दलजीत ने रियोंद में साढ़े 12 एकड़ जमीन बेची थी। 18 जनवरी को आढ़ती से 45 लाख रुपये लेकर घर आ गए। भीमसिंह अपने हिस्से के 22 लाख रुपये रतिया में अपने आढ़ती के पास जमा करवाने जा रहा था। इस दौरान बेटा भी साथ था। ढाणी लांबा व रंगोई नाले के पास लुटेरों ने इंडिका कार से टक्कर मारी और फिर गोली मारकर भीमसिंह से रुपये लूट ले गए। पुलिस ने भीमसिंह के भतीजे हरचरण सिंह की शिकायत पर मामला दर्ज किया था। पुलिस ने सौदे में शामिल रहे धारसूल कलां निवासी रमेश और शीशपाल से पूछताछ की तो पता चला कि इन्होंने मुजफ्फरनगर से बदमाशों को बुलाकर वारदात करवाई थी। पुलिस ने 15 आरोपियों को गिरफ्तार किया। अदालत ने नौ दोषियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है, जबकि पांच बरी कर दिए। एक आरोपी की मौत हो चुकी है।