हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की तरफ से री अपीयर परीक्षाएं शुरू कर दी गई हैं। सोमवार को कक्षा दसवीं के विद्यार्थियों की अलग-अलग विषयों की परीक्षा आयोजित की गई। जिले के 12 परीक्षा केंद्रों पर ढाई हजार परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी। कोरोना महामारी होने के बावजूद परीक्षा केंद्रों पर नियमों की धज्जियां उड़ी। अधिकारियों और पुलिस कर्मियों के सामने परीक्षा केंद्रों पर विद्यार्थियों के बीच धक्कामुक्की देखने को मिली। यहां तक कि परीक्षा केंद्रों पर न थर्मल स्क्रीनिंग हुई और न ही सैनिटाइजर का प्रयोग किया गया। यहां तक कि 70 फीसदी विद्यार्थी बिना मास्क के मिले। परीक्षा दोपहर दो बजे से लेकर पांच बजे तक आयोजित की गई। चार टीमों ने निरीक्षण किया। इस दौरान 19 नकल के केस बनाए गए हैें।
बोर्ड की तरफ से कक्षा दसवीं और बारहवीं के विद्यार्थियों की री-अपीयर की परीक्षा ली जा रही है। कोरोना महामारी के चलते मार्च माह में आयोजित हो रही परीक्षाएं रद्द कर दी गई थी। अब बोर्ड द्वारा कोरोना महामारी में पहली बार परीक्षा आयोजित की गई। बोर्ड की तरफ से परीक्षा केंद्रों पर विद्यार्थियों को मास्क के साथ एंट्री और थर्मल स्क्रीनिंग व सामाजिक दूरी के नियम का पालन करने के आदेश दिए गए थे। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में बनाए गए परीक्षा केंद्र पर करीब पांच सौ विद्यार्थी परीक्षा देने पहुंचे। यहां पर अधिकतर विद्यार्थियों ने मास्क नहीं लगा रखा था। यहां तक परीक्षा केंद्र मे थर्मल स्क्रीनिंग की व्यवस्था तक नहीं की गई। इसके अलावा न कक्षाओं को सेनिटाइजर किया गया।
इन स्कूलों से पकड़े नकलची : शिक्षा विभाग से मिली रिपोर्ट के मुताबिक रिअपीयर परीक्षा में नकल के 19 केस बनाए गए हैं। परीक्षार्थियों के पास नकल पर्चियों मिली हैं। जिला शिक्षा अधिकारी, प्रश्र पत्र उड़नदस्ता, सचिव उड़नदस्ता व अध्यक्ष स्पेशल उड़नदस्ता ने 19 नकलची पकड़े हैं। श्रीराम सेवा समिति स्कूल में नकल के 10 और राजकीय सीनियर सेकेंडरी स्कूल में 8 तथा ओम निवास स्कूल में नकल का एक केस बनाया गया है।
ये बनाए केंद्र : आर्यभट्टू स्कूल, बाल भारती स्कूल, राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, श्री राम सेवा समिति स्कूल, सीनियर मॉडल स्कूल, ओम निवास स्कूल, राजकीय हाई स्कूल भोड़िया खेड़ा।
लिस्ट लगते ही शुरू हुई धक्कामुक्की
राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में दो परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। दोपहर को करीब डेढ़ बजे जैसे ही सीटिंग प्लान की सूची लगाई गई तो उसे देखने के लिए परीक्षार्थियों और अभिभावकों की भीड़ लग गई। एक-दूसरे के बीच धक्कामुक्की शुरू हो गई। ये सब अधिकारियों और पुलिसकर्मियों के सामने होता रहा।
परीक्षा केंद्रों पर व्यवस्था बनाने के आदेश दिए गए थे। अगर किसी सेंटर पर अनियमितता मिली है तो जांच की जाएगी। मैं खुद सेंटर की जांच करूंगा। - दयानंद सिहाग, जिला शिक्षा अधिकारी।