फतेहाबाद कोर्ट में पेश होने के बाद वापस लौटता हुआ चिटफंड मामले में आरोपी राधेश्याम
फतेहाबाद। फ्यूचर मेकर कंपनी के जरिये तीन हजार करोड़ की ठगी के आरोपी राधेश्याम उर्फ परम गुरु शनिवार को अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश हेमंत यादव की कोर्ट में पेश हुआ।
इससे पहले, राधेश्याम के वकील नरेश सचदेवा ने कोर्ट में दलील दी कि राधेश्याम की कमर में दर्द होने के कारण वह कोर्ट में नहीं आ सकता है। कोर्ट ने वकील नरेश की कोई दलील न सुनते हुए राधेश्याम को पेश करने के आदेश दिए। कोर्ट ने कहा कि शाम पांच बजे तक आरोपी पेश नहीं हुआ तो जमानत रद्द कर दी जाएगी।
इसके बाद राधेश्याम मोहाली से फतेहाबाद की कोर्ट में पहुंचकर पेश हुआ। बता दें कि आरोपी राधेश्याम पर फतेहाबाद में भी चिटफंड के कई केस चल रहे हैं। पुलिस ने वर्ष 2018 में आरोपी राधेश्याम पर मामला दर्ज किया था। इसको लेकर कोर्ट में मामले चल रहे हैं। आरोपी राधेश्याम करीब एक साल से कोर्ट में पेश नहीं हुआ। शनिवार को भी कोर्ट में पेश होना था, लेकिन नहीं पहुंचा।
कोर्ट ने दोपहर 12.30 बजे वकील की दलील को अस्वीकार करते हुए आदेश दिया कि अगर आरोपी राधेश्याम पेश नहीं हुआ तो उसकी जमानत रद्द कर दी जाएगी। इसके बाद, राधेश्याम शाम करीब 4.30 बजे कोर्ट में पेश हुआ। पेशी के बाद, राधेश्याम ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि कमर में दर्द है इसलिए पेश नहीं हो पाया था। कोर्ट में पेश होना जरूरी था, इसलिए आ गया। कोर्ट ने अब अगली तारीख 19 अप्रैल तय की है।
नहीं बनाउंगा आश्रम
राधेश्याम उर्फ परम गुरु ने पत्रकारों से कहा कि धैर्य बनाकर रखें, अच्छे वकील लगा रखे हैं। सबको न्याय मिलेगा। बाकी मैं भक्ति कर रहा हूं। भक्ति में पूरी शक्ति है। राधेश्याम ने कहा कि डबवाली में 200-300 अनुयायियों ने मिलकर जमीन ली थी। वो ही आश्रम बना रहे थे। कुछ राजस्थान के भी शामिल हैं जिन्होंने 20-20 रुपये इकट्ठा करके जमीन ली थी। अब वह जमीन दान दे दी है। हरिद्वार में मेरे पास एक कमरा भी नहीं है। आगे मैं कुछ नहीं करूंगा। न मैं आश्रम बनाऊंगा और न ही गोशाला बनाऊंगा। जिन लोगों के पैसे डूबे हैं, वह उनको वापस जरूर मिलेंगे।