बैठक का संचालन जिला सचिव मा. औमप्रकाश चौबारा ने किया। बैठक में सर्व कर्मचारी संघ द्वारा 25 नवंबर को करनाल में की गई रैली में रिटायर्ड कर्मचारियों की सम्मानजनक हाजिरी पर कर्मचारियों का आभार जताया और 2 दिसंबर को राज्य स्तरीय प्रतिनिधि सम्मेलन को लेकर विचार विमर्श हुआ।
बैठक में सम्मेलन को लेकर कार्यकारिणी सदस्यों की जिम्मेवारियां लगाई गई।
प्रधान श्री गुलेरिया ने कहा कि सरकार ने जो वायदे किए थे, उन्हें लागू करने की बजाय तुगलकी फरमान जारी कर कर्मचारियों को बांटने की कोशिश कर रही है।
रैली, धरने, जलसों, हड़तालों पर पाबंदी लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। रिटायर्ड कर्मचारी संघ ने इसकी निंदा करते हुए सरकार से इस नोटिफिकेशन को वापस लेने की मांग की।
उन्होंने सरकार से मांग की कि सरकार ने कर्मचारियों से जो वायदे किए थे, उन्हें लागू किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार छठे वेतन आयोग की विसंगतियों को दूर करके पेंशनरों को इसका लाभ दे, सातवां वेतन आयोग 1 जनवरी 2016 से रिटायर्ड कर्मचारियों के लिए लागू करना सुनिश्चित किया जाए, मेडिकल भत्ता 3 हजार किया जाए तथा 60 वर्ष से अधिक आयु के कर्मचारियों का हरियाणा रोडवेज की बसों में किराया आधा लागू किया जाए।
इसके अलावा उन्होंने न्यूनतम पेंशन 7 हजार रुपये करने, समान काम समान पेंशन लागू करने, पंजाब के समान पेंशन लागू करने की भी मांग की। बैठक में जिला कैशियर अमर सिंह, उपप्रधान भगवान सिंह, रामकुमार शर्मा, चरण सिंह, बलविन्द्र सिंह सहित अनेक कर्मचारी नेताओं ने भी अपने विचार रखे।