रतिया मार्केट कमेटी चेयरमैन का पदभार संभालने के महज दो दिन के भीतर इस्तीफा देने को मजबूर हुए भाजपा नेता श्याम कंबोज ने इसका ठीकरा पार्टी के अंदर ही अपने विरोधियों के सिर फोड़ा है। इस्तीफा देने के बाद ‘अमर उजाला’ से फोन पर हुई विशेष बातचीत में श्याम कंबोज का दर्द साफ तौर पर छलका। पार्टी के अंदर ही विरोधियों पर निशाना साधते उन्होंने साफ तौर पर कहा कि उनको चेयरमैनी मिलना पार्टी के अंदर ही उनके विरोधियों को पची नहीं और उनके खिलाफ षड्यंत्र रचा गया।
जिलाध्यक्ष की जांच में सब कुछ हो जाएगा साफ
मार्केट कमेटी के चेयरमैन श्याम कंबोज ने साफ तौर पर खुद को बेकसूर बताया है और साथ ही ये भी कहा कि अपने पद से इस्तीफा उन्होंने महज इसलिए दिया है कि पार्टी पर कोई आंच नहीं आए। कंबोज ने कहा कि पार्टी उनके लिए सर्वोपरि है और उन्हें पूरा भरोसा है कि भाजपा जिलाध्यक्ष वेद फुलां की जांच में दूध का दूध और पानी का पानी हो जाएगा। उन्होंने ये भी कहा कि वो 20 सालों से भाजपा के साथ जुड़े हैं। भाजपा को रतिया में मजबूत करने के लिए दिनरात एक किया है। उन्हें पूरी उम्मीद है कि पार्टी उनके साथ रहेगी।
ये सवाल भी उठाए
इस्तीफा देने के बाद श्याम कंबोज ने उनके खिलाफ दी गई शिकायत पर सवाल भी उठाए। उनका कहना था कि भानीखेड़ा सरपंच को डीसी साहब ने काफी पहले निलंबित कर दिया था। ऐसे में उनके चेयरमैन पद पर नाम की घोषणा होते ही क्यों शिकायत दी गई, निलंबन के तुरंत बाद क्यों नहीं। इसी के चलते इस मामले में षड्यंत्र की बू आ रही है।