फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

रेहड़ी वालों की बैठक लेते प्रवीन काशी को उठा ले गई पुलिस, एसपी से करवाई मुलाकात

विज्ञापन
शिवालय मार्केट में प्रवीन काशी से मिलने पहुंचे पुलिस कर्मचारी। - फोटो : Fatehabad
विज्ञापन
फतेहाबाद। भागीरथी जयंती पर शुक्रवार को आयोजित होने वाले सीएम मनोहर लाल के कार्यक्रम में पेट के बल लेटकर पहुंचने की घोषणा करने और फतेहाबाद को नशे के मामले में स्पेशल जोन घोषित करने की मांग करने वाले प्रवीन काशी अब प्रशासन के निशाने पर हैं। उनकी घोषणा के बाद जिला प्रशासन काशी के हर कदम पर नजर बनाए हुए है। वीरवार दोपहर को भी शिवालय मार्केट में पुलिस विभाग के कुछ कर्मचारी उन्हें उठाने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन ऐन मौके पर मीडिया के वहां पहुंचने से उनकी तैयारी धरी के धरी रह गई। हालांकि पुलिस कर्मचारी बाद में ये कहते नजर आए कि वे तो काशी को सिर्फ एसपी फतेहाबाद से मिलवाने के लिए लेने आए थे। बाद में अपने साथियों के कहने पर वे एसपी विजय प्रताप सिंह से मिलने उनके कार्यालय पहुंचे। लगभग एक घंटे तक बंद कमरे में बातचीत के बाद जब एसपी आफिस के बाहर भी मीडिया जुटने लगा तो प्रवीन काशी को जाने दिया गया।
विज्ञापन

ग्रामीण जनसंपर्क में भी नशे के खिलाफ आवाज उठा रहे प्रवीन काशी
अनशन को 15 अगस्त तक के लिए स्थगित करने के बाद से प्रवीन काशी चुप नहीं बैठे हैं। उन्होंने नशा विरोधी मुहिम को गांव-गांव तक ले जाना शुरू कर दिया है। पिछले एक सप्ताह में ही वो तकरीबन 15 गांवों का दौरा कर चुके हैं जिसमें से अधिकतर ने उन्हें नशामुक्त गांव का भरोसा दे दिया है। इन जनसंपर्क अभियान में भी काशी प्रशासन द्वारा किए जा रहे नशा विरोधी कामों की तारीफ तो कर रहे हैं, लेकिन वो इन प्रयासों को नाकाफी भी बता रहे हैं।
सीएम के सामने मुद्दा बनने से रोकने की कोशिश में है प्रशासन
सीएम मनोहर लाल का 9 अगस्त का फतेहाबाद दौरा तय होने के बाद से प्रवीन काशी और उनके साथी सीएम के सामने नशे का मुद्दा उठाने के प्रयास में हैं। लेकिन उधर प्रशासनिक अधिकारी इस बात को लेकर पसोपेश में हैं कि कहीं सीएम के सामने नशे को लेकर कोई इश्यू खड़ा न हो जाए, जिससे उनकी कुर्सी पर आंच आ जाए। ऐसे में प्रशासन की पहली कोशिश यही रहेगी कि प्रवीन काशी व उनके साथियों को सीएम से मिलने से रोका जाए, अगर ये संभव नहीं हो पाता है तो केवल एक-दो लोगों को सीएम से मिलवाया जा सकता है।
विज्ञापन

वर्जन
मैं शांतिपूर्वक नशे के खिलाफ अभियान चला रहा हूं। हमने पेट के बल लेटकर सीएम के कार्यक्रम में पहुंचने का एलान किया है। जिसके बाद सुरक्षा एजेंसियां एकदम से मेरे आसपास मंडराने लगी हैं। ऐसा संभव है कि मुझे नजरबंद करने का प्रयास कर लिया जाए। एसपी से मुलाकात करवाई गई है, उन्होंने मिलवाने का आश्वासन दिया है।
प्रवीन काशी।
सीएम के कार्यक्रम में सुरक्षा प्रबंधों को देखा जा रहा है। कार्यक्रम में किसी प्रकार की अप्रिय घटना को रोकना हमारी जिम्मेदारी है। सीएम से मिलने के लिए उन्हें पहले से समय लेना चाहिए था, लेकिन ऐन मौके पर अलग तरीके से प्रदर्शन करते हुए सभा स्थल तक पहुंचने का तरीका सही नहीं है। हमारा प्रयास रहेगा कि उन्हें सीएम से मिलवाया जा सके।
विज्ञापन

- विजय प्रताप सिंह, एसपी, फतेहाबाद।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें