फतेहाबाद। पराली जलाने के मामलों आ रही बढ़ोतरी के बाद जिला प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया है। खुद डीसी धीरेंद्र सिंह खड़गटा ने पराली जलाने वाले कई खेतों का दौरा किया। इस दौरान डीसी को गांव रजाबाद के पास दो एकड़ के एक खेत में धान की पराली जलते हुई दिखाई दी तो वे अपनी गाड़ी रुकवाकर पैदल ही खेत के अंदर पहुंचे और पाया कि खेत में आग लगाई गई थी।
उन्होंने पूछताछ की तो पता चला कि ये गांव की महिला सरपंच ज्योति चंदेल का खेत है जिसके बाद उन्होंने तुरंत प्रभाव से गांव की सरपंच को निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया। इतना ही नहीं डीसी ने आग लगे खेतों में खुद आग भी बुझवाई और आग लगाने वाले किसानों के खिलाफ जुर्माना लगाने व मामला दर्ज करने के आदेश डीसी ने दिए।
सरपंच को निलंबित करने के अलावा धान की पराली में आग लगाने वाले लोगों को जागरूक न कर पाने व आग पर अंकुश लगाने में नाकाम रहने पर उपायुक्त धीरेन्द्र खड़गटा ने पराली प्रबंधन टीम टिब्बी के नोडल ऑफिसर एवं नहला के ग्राम सचिव देवीलाल पुनिया तथा दिगोह के नंबरदार बलजिंदर सिंह एवं जसपाल सिंह को भी निलंबित कर दिया गया है।
गत शनिवार को डीसी धीरेन्द्र खड़गटा भूना से टोहाना जा रहे थे। लेकिन टिब्बी व उसके आसपास के गांव में कई लोगों ने धान की पराली में आग लगाई हुई थी। जिसको लेकर उन्होंने इस इलाके के नोडल ऑफिसर की लापरवाही और लोगों में जागरूकता पैदा न करने के कारण सचिव देवीलाल पूनियां को नोटिस देकर जवाब तलब किया था। मगर संतोषजनक जवाब नहीं देने के कारण डीसी फतेहाबाद ने ग्राम सचिव देवीलाल को तुरंत प्रभाव से निलंबित कर दिया है। इसके अलावा गांव दिगोह ग्राम पंचायत दिगोह के इलाका में भारी मात्रा में पराली में आग लगाई जाने को लेकर नंबरदारों की लापरवाही से संबंधित नोटिस दिए गए थे। जिनका जवाब नहीं मिलने के कारण उपायुक्त ने नंबरदार बलजिंदर सिंह व जसपाल सिंह को भी निलंबित कर दिया है।
एक माह पहले मघावाली में बैठक लेकर किया था आगाह
उपायुक्त ने जिला के सभी सरपंच और नंबरदारों की बैठक एक माह पहले गांव मघावाली में बुलाई थी। जिसमें हिदायत दी गई थी कि सरपंच व नंबरदार अपने-अपने गांव के किसानों को पराली जलाने से होने वाले नुकसान एवं हानि के बारे में जानकारी देकर जागरूक करेंगे। मगर धान की पराली में आग भारी मात्रा में लगाई गई। जिसको लेकर नंबरदार व सरपंचों और संबंधित टीम के अधिकारी एवं कर्मचारियों को नोटिस जारी किए गए थे।
पराली जलाने पर जिले में 423 किसानों पर एफआईआर, सात गिरफ्तार
प्रशासनिक सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार धान के अवशेष जलाने के चलते जिलेभर में कुल 423 किसानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा चुकी है। इसके अलावा अनेक किसानों पर जुर्माना भी लगाया गया है और फिलहाल अनेक ऐसे किसान हैं, जिनके खिलाफ मामला दर्ज करने की अनुशंसा कृषि विभाग के अधिकारियों ने संबंधित पुलिस थानों में दी है। जल्द ही इन किसानों के खिलाफ भी एफआईआर की प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी। पुलिस विभाग के सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार 7 किसानों को इन मामलों में गिरफ्तार भी किया गया है।
वर्जन
पराली जलाने से रोकने के लिए सरपंचों एवं ग्राम सचिवों आदि को दायित्व सौंपा गया था। लेकिन गांव रजाबाद की सरपंच के खेत में ही पराली जलती मिली। इसके अलावा टिब्बी एरिया के कई खेतों में पराली की आगजनी की शिकायतें मिली थी। सरपंच एवं ग्राम सचिव को निलंबित किया गया है। इसके अलावा गांव दिगोह में भी नंबरदारों को जागरूकता अभियान में लापरवाही के आरोप में निलंबित किया गया है।
- धीरेंद्र खड़गटा, जिला उपायुक्त, फतेहाबाद।